मऊ। यूपी बोर्ड परीक्षा का रिजल्ट घोषित होने के बाद अब स्नातक कक्षाओं में दाखिले के लिए छात्र छात्राओं को जोर आजमाइश करनी पड़ेगी। नगर सहित जिले के विभिन्न राजकीय तथा सहायता प्राप्त कॉलेजों में स्नातक कक्षाओं में प्रवेश के लिए चंद दिनों बाद ही प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। जुलाई माह में सीबीएसई, आईसीएसई का रिजल्ट घोषित होगा। यूपी बोर्ड इंटरमीडिएट की परीक्षा में उत्तीर्ण हुए 26460 विद्यार्थी स्नातक में दाखिले की तैयारी में जुट गए हैं।
जिले में दो राजकीय तथा चार सहायता प्राप्त तथा 144 मान्यता प्राप्त महाविद्यालय हैं। सरकारी महाविद्यालयों में विज्ञान वर्ग से मैथ ग्रुप तथा बायो ग्रुप की सुविधा एकमात्र संत गणिनाथ राजकीय महाविद्यालय मुहम्मदाबादगोहना में है। जबकि स्ववित्तपोषित योजना के तहत डीसीएसके पीजी कॉलेज में मैथ तथा बायोग्रुप, कामर्स के लिए मान्यता है। यहां लगभग 2500 सीटें हैं। इसके साथ अन्य महाविद्यालयों में पांच से छह सौ से अधिक सीटें हैं। नए सत्र में 10 प्रतिशत से अधिक सीटें बढ़ सकतीं हैं। इसके बाद भी सभी को प्रवेश मिलना मुश्किल है।
सबसे ज्यादा परेशानी विज्ञान, कामर्स, कृषि वर्ग के छात्रों के लिए उठानी पड़ सकती है। सरकारी महाविद्यालयों में कामर्स तथा कृषि वर्ग के छात्रों के लिए गैर जिलों में जाना पड़ सकता है या विषय बदलना पड़ सकता है। स्नातक में दाखिले के लिए छात्रों की पहली पसंद राजकीय महाविद्यालय तथा एडेड कालेज ही होते हैं।
इन कालजों में लगभग चार हजार सीटों के सापेक्ष 26460 विद्यार्थी इंटरमीडिएट परीक्षा पास किए हैं। जबकि जुलाई में सीबीएसई, आईसीएसई के छात्र बढ़ेंगे। सीटों की संख्या कम होना छात्रों के लिए चिंता का कारण बन गई है। इस संबंध में डीसीएसके पीजी कालेज के प्राचार्य डॉ. एके मिश्र का कहना है कि स्नातक कक्षाओं में प्रवेश प्रक्रिया तीन जुलाई से शुरू हो जाएगी। सर्वोदय पीजी कालेज के प्राचार्य डॉ. करुणानिधान उपाध्याय का कहना है कि प्रवेश प्रक्रिया शुरू हो गई है।