मऊ। कलेक्ट्रेट सभागार में शुक्रवार को जिलाधिकारी अरुण कुमार ने राजस्व वसूली की विभागवार समीक्षा की। इस दौरान व्यापार कर, स्टांप रजिस्ट्रेशन आदि में लक्ष्य के मुकाबले कम प्राप्तियों पर जिलाधिकारी ने इसमें तेजी लाने के निर्देश दिए। जनपद स्तर पर दस बड़े बकाएदारों से वसूली का निर्देश दिया। अभियान चलाकर वसूली कार्यों में तेजी लाने के लिए कहा। बैठक से खनिज लिपिक के अनुपस्थित रहने पर स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया।
आडिट आपत्तियों के समीक्षा के दौरान इसमें कम प्रगति वाले विभागों को तेजी लाने के निर्देश दिए। खनिज लिपिक के बैठक में अनुपस्थित रहने पर जिलाधिकारी ने स्पष्टीकरण प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। विभागीय कार्रवाइयों की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने अब तक जवाब दाखिल न करने वाले कर्मचारियों के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल कर अग्रिम कार्रवाई करने के निर्देश समस्त जांच अधिकारियों को दिए।
इस दौरान उन्होंने पेंशन, कृषक दुर्घटना बीमा योजना एवं राशन कार्ड के सत्यापन के अद्यतन स्थिति की भी समीक्षा की। उन्होंने आय, जाति एवं निवास प्रमाण पत्रों को तय सीमा के अंदर ही जारी करने एवं उत्तराधिकार एवं वरासत के लंबित मामलों को भी यथाशीघ्र निस्तारण के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री एवं मंडल स्तर से प्राप्त शिकायतों का निस्तारण तत्काल कराने के भी निर्देश दिए। पर्याप्त वसूली न करने वाले अमीनों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने का निर्देश दिया।
मुख्यमंत्री कृषक दुर्घटना बीमा योजना के तहत दुर्घटना के उपरांत किसानों को मिलने वाले मुआवजे का भुगतान यथाशीघ्र कराने के भी निर्देश जिलाधिकारी ने दिए। इस दौरान जिलाधिकारी ने अवैध अतिक्रमण एवं नए भू माफियाओं का चिह्नित कर उनके खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई करने के लिए कहा। बैठक के दौरान मुख्य राजस्व अधिकारी, नगर मजिस्ट्रेट, समस्त उप जिलाधिकारी, समस्त तहसीलदार सहित अन्य सभी संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।