यूपी बोर्ड के स्कूलों में पढ़ने वाले नौवीं कक्षा से 12वीं कक्षा तक के छात्र-छात्राओं को अधिकृत और सस्ती पाठ्यपुस्तकें उपलब्ध कराने के लिए शासन ने अहम पहल की है। इसके तहत जिले में पुस्तक जागरूकता एवं सुलभता शिविर का आयोजन कराया जाएगा।
मेले के पर्यवेक्षण की जिम्मेदारी जिलास्तरीय अधिकारी को सौंपी जाएगी। साथ ही कार्यक्रम की समूह फोटो यूपी बोर्ड की वेबसाइट और व्हाट्सएप ग्रुप पर साझा करना भी अनिवार्य होगा।
शासन की ओर से एनसीईआरटी की चयनित पुस्तकें छपवाई गई हैं, जिन्हें छात्रों तक आसानी से पहुंचाया जाएगा। संस्थाओं द्वारा छात्रों को गाइड खरीदने के लिए बाध्य करने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
जिले में 17 राजकीय, 67 सहायता प्राप्त और 436 मान्यता प्राप्त माध्यमिक विद्यालय हैं। विभाग की ओर से छात्र-छात्राओं को अधिकृत और सस्ती पाठ्यपुस्तकें उपलब्ध कराने के लिए पुस्तक जागरूकता एवं सुलभता शिविर (पुस्तक मेला) का आयोजन राजकीय बालिका इंटर कॉलेज, इमिलिया में 16 अप्रैल को सुबह 10 बजे से शुरू होगा।
इस पहल से छात्रों को एक ही स्थान पर उचित मूल्य पर किताबें मिलने की सुविधा मिलेगी, वहीं अभिभावकों को भी राहत मिलेगी। बाजार में पुस्तकें महंगी होने के चलते कई अभिभावक उन्हें नहीं खरीद पाते हैं, ऐसे में यह मेला काफी मददगार होगा।
अधिकारियों के अनुसार, परिषद ने नौवीं कक्षा से 12वीं कक्षा तक के लिए कुल 36 आधारित विषयों और 12 मौलिक विषयों की पाठ्यपुस्तकें अत्यंत सस्ती दरों पर उपलब्ध कराई हैं। इन पुस्तकों के मुद्रण और वितरण के लिए अधिकृत विक्रेताओं को जिम्मेदारी सौंपी गई है, जिनके माध्यम से छात्र-छात्राओं को किताबें उपलब्ध कराई जाएंगी।
जिला विद्यालय निरीक्षक गौतम प्रसाद का कहना है कि जिले के सभी माध्यमिक विद्यालयों के प्रधानाचार्यों को पत्र जारी किया गया है।