मऊ। जिले में एलपीजी और व्यावसायिक गैस की कमी का असर अब होटल, ढाबों और ठेले खोमचे वालों के मेन्यू पर दिखना शुरू हो चुका हैं। शहर के कई होटलों ने 15 से 20 मेन्यू की संख्या घटाकर पांच कर दी। वहीं कई ढाबों और होटल संचालकों ने दाम 20 से तीस प्रतिशत बढ़ा दिया है।
40 फीसदी दुकानों पर आपूर्ति न होने की स्थिति में इनके दुकान बंद होने की स्थिति में हैं। इस बीच पांच दिन बाद भी गैस सिलिंडर को लेकर बुकिंग का ग्राफ कम होता नहीं दिख रहा है। रविवार दोपहर दो बजे तक 5000 से ज्यादा सिलिंडर की आपूर्ति 30 एजेंसियों की ओर से की गई।
बीते तीन दिन में सिलिंडर के आपूर्ति और बुकिंग का आंकड़ा देखें तो बुकिंग 30 हजार से अधिक पहुंच चुकी है। रविवार को ही बुकिंग का ग्राफ 10 हजार के पार चला गया, जो कि बीते दिनों के अपेक्षा में अब तक का रिकॉर्ड है।
इसकी तुलना में दो बजे तक 5 हजार 743 गैस सिलिंडर की आपूर्ति की जा चुकी थी। वहीं 14 मार्च यानी शनिवार को बुकिंग का ग्राफ 9 हजार 629 से अधिक था, 8 हजार से अधिक सिलिंडर की आपूर्ति की गई थी। वहीं यहीं स्थिति 13 मार्च को साढ़े नौ हजार सिलिंडर की बुकिंग में से 8 हजार से अधिक सिलिंडर की आपूर्ति की गई थी।
वहीं अब तक व्यवसायिक गैस सिलिंडर की आपूर्ति न होने से फूड बाजार पर इसका सबसे ज्यादा असर पड़ा है। स्थिति यह है कि जिनके पास गैस सिलिंडर का स्टॉक है वह भी अपने यहां मैन्यू में कटौती शुरू कर चुके हैं। घोसी फोरलेन पर ढाबा चलाने वाले मुकेश ने बताया कि सिलिंडर का स्टॉक है लेकिन आपूर्ति बंद होने से अब उसने मेन्यू कम कर दिया है।