मऊ/रानीपुर। पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के बन जाने से बिहार से तस्करी तेज हो गई है। पिछले एक माह में तस्करी के तीन मामले सामने आए हैं। बिहार में शराबबंदी के कारण पूर्वांचल के रास्ते शराब की तस्करी हो रही है।
करीब एक दशक पहले तक पूर्वांचल में यह कहावत बहुत प्रचलित थी कि दिल्ली बहुत दूर है और बिहार जाना बेहद दुर्गम है। कारण था कि पूर्वांचल से इन दोनों क्षेत्र में जाने के लिए यातायात के संसाधन बेहद कम हुआ करते थे। खासकर सड़क मार्ग से। बीते दस साल में रेल यातायात मेंं सुधार के बाद अब सड़क परिवहन की भी सुविधा बढ़ी है। इससे जहां दिल्ली की दूरी कम हुई है वहीं बिहार जाना भी अब सुगम हो गया है। इस सुगमता के बीच कुछ परेशानियां भी सामने आ रही हैं। जिस पूर्वांचल एक्सप्रेस वे से परिवहन सुगम हुआ है। वह अब बिहार में तस्करी का सरल माध्यम बन रहा है। दिल्ली से लेकर हरियाणा तक से अब इसी पूर्वांचल एक्सप्रेस वे के सहारे मवेशी और शराब बिहार भेजी जा रही है। जिस गोवंश का वध उत्तर प्रदेश में प्रतिबंधित है, उसे इसी मार्ग के सहारे बिहार भेजा जा रहा है, वहीं जिस शराब की बिक्री पर बिहार में रोक है उस शराब को उसी मार्ग के सहारे अनेक तरीकों से बिहार भेजी जा रही है। बात जनपद के संदर्भ में की जाए तो इसी माह पूर्वांचल एक्सप्रेस वे पर मवेशियों से भरी वाहन दो बार बरामद की जा चुकी है। एक बार पुलिस ने इनको पकड़ लिया था, तो वही दूसरी बार करीब बीस जोड़ी गोवंश को वाहन चालक छोड़कर भाग गया थे। पुलिस जांच मेंं दोनों वाहनों के बिहार जाने की सूचना मिली। कुछ दिन पहले ही संतरे की पेटी में शराब छिपाकर पिकअप से ले जाई जा रही थी। अचानक पिकअप वाहन के पलटने से संतराें की पेटी में रखी शराब की पाउचे भी सड़क पर बिखर गई थी। जिसे मुहम्मदाबाद गोहना की पुलिस बरामद कर थाने लेकर गई।
केस : एक- पूर्वांचल एक्सप्रेस वे पर रानीपुर थाना के भुसुवा गांव के पास बीते दिनों मवेशी ले जा रहा वाहन पलट गया था। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने आठ गोवंश बरामद किया था। गाड़ी के नंबर के आधार पर जांच में दो पशु तस्कर भी पकड़े गए थे। पुलिस की पूछताछ में जानकारी मिली थी कि दोनों मवेशियों को लेकर बिहार जा रहे थे। दोनों पर मुकदमा दर्ज किया गया।
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केस : दो - पूर्वांचल एक्सप्रेस वे पर बीते दिनों ही विनोदपुर गांव के पास रानीपुर पुलिस ने मवेशियाें से भरा ट्रक बरामद किया था। पुलिस ने बताया कि ट्रक में खराबी आने के कारण ड्राइवर ट्रक को छोड़ कर भाग गया था। यूपीडा की टीम ने खड़ी ट्रक देखकर रानीपुर थाने की पुलिस को जानकारी दी, जिसके बाद ट्रक का थाने लेकर आया गया, जहां कुल 20 गोवंश बरामद किए गए। ट्रक नंबर की जांच करने पर पता चला कि देवरिया के व्यक्ति ट्रक के मालिक हैं, जिस पर बाद में मुकदमा दर्ज किया गया।
केस : तीन- पूर्वांचल एक्सप्रेस वे पर बीते सोमवार शम्सोपुर शमसाबाद गांव के पास लखनऊ से बिहार जा रही शराब लदी पिकअप का टायर फटने से वह पलट गई। पिकअप में लदे संतरे के बीच छिपाकर ले जाई जा रही अंग्रेजी शराब की करीब 1780 पाउचें बरामद की गई थी। पुलिस ने ट्रक के नंबर की जांच के आधार पर राजस्थान निवासी पिकअप मालिक और अज्ञात चालक के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था।
एडीजी पीयूष मोर्डिया ने कहा कि पुलिस टीम की ओर से ऐसे मामलों की लगातार निगरानी की जा रही है। पुलिस की सक्रियता से ही ऐसे मामले उजागर हुए हैं। चुनाव के मद्देनजर विशेष निगरानी बरती जाएगी।