मऊ। न्यायिक मजिस्ट्रेट/सिविल जज जूनियर डिविजन कोर्ट नंबर 3 उत्कर्ष सिंह की कोर्ट से जारी गैरजमानती वारंट की जानकारी होते ही सरायलखंसी थानध्यक्ष ने कोर्ट में समर्पण कर दिया। वहीं, न्यायालय ने उन्हें व्यक्तिगत मुचलके पर रिहा कर दिया। मामला सरायलखंसी थाना क्षेत्र का है। मामले के अनुसार न्यायिक मजिस्ट्रेट ने 18 अगस्त को थानाध्यक्ष को मामले की एफआईआर दर्ज कर विवेचना करने का आदेश दिया। साथ ही एफआईआर की प्रति 24 घंटे के अंदर कोर्ट में उपलब्ध कराने का निर्देश दिया था। आदेश के बावजूद प्रभारी निरीक्षकने एफआईआर दर्ज नहीं की। जिस पर वादी ने मामले में प्रगति आख्या तलब करने की याचना की तो मजिस्ट्रेट ने आख्या मांगी। लेकिन थानाध्यक्ष ने न तो आख्या भेजी और न ही कोर्ट के आदेश का अनुपालन किया। जिस पर मजिस्ट्रेट ने थाना प्रभारी के विरुद्ध गैर जमानती वारंट जारी कर दिया।