मऊ। रामपुर थाना क्षेत्र के बेलोली भोजीपुर गांव निवासी आनंद कुमार तिवारी ने रामपुर थानाध्यक्ष की कार्यप्रणाली के विरुद्ध उपमहानिरीक्षक आजमगढ़ को शिकायती प्रार्थना पत्र देकर गुहार लगाई है। डीआईजी को दिए गए प्रार्थना पत्र में आनंद त्रिपाठी ने शिकायत की है कि थाना क्षेत्र के बेलौली निवासी विंदेश्वरीर तिवारी और उनके बेटे परशुराम तिवारी की हत्या 31 अगस्त 2014 की शाम को कर दी गई थी। इस समय हत्यारे जमानत पर हैं।
आरोप लगाया गया है कि थानाध्यक्ष हत्यारोपियों के मकान के बगल में किराए के मकान में रहते हैं। वहां प्रार्थी के विरोधियों का जमावड़ा होता है, आरोप लगाया गया है कि थाना क्षेत्र के एक पेट्रोल पंप पर दावतों का आयोजन होता है जिसमें थानाध्यक्ष राजकेशर सिंह भाग लेते हैं। एक पेट्रोल पंप मालिक से थानाध्यक्ष के नजदीकी रिश्ते हैं। आनंद ने लिखा है कि मेरे भाई की हत्या हो गई। बाद उनकी बहू सुमन तिवारी दूसरी बार ग्राम पंचायत की प्रधान चुनी गई हैं। उनका पुत्र शुभम तिवारी प्रधान का कार्य देखता है।
आनंद ने लिखा है कि चुनाव के समय अंबेडकर जयंती पर रामपुर थानाध्यक्ष ने भतीजे शुभम पर आचार संहिता के उल्लंघन का फर्जी मुकदमा दर्ज करा दिया। यह भी आरोप लगाया गया है कि चुनाव में उनके भाई की बहू के समर्थकों की गाड़ी रोककर थानाध्यक्ष धमकाते थे। उन्हें धमकी देते थे। सुमन तिवारी के समर्थन में प्रचार करने वाले समर्थकों को डराते धमकाते थे, फिर बीट के सिपाहियों से अशांति फैलाने का फर्जी मुकदमा शुभम पर लिखवा दिए हैं।
आनंद तिवारी ने लिखा है कि परिवार में दो सदस्यों की हत्या के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा था जैसे तैसे परिवार संभालने की कोशिश कर रहा है लेकिन रामपुर थानाध्यक्ष के रवैया से परिवार दहशत में है। उन्होंने थानाध्यक्ष के कार्यप्रणाली की जांच कराने और परिवार की सुरक्षा की गुहार लगाया है।
इस मामले में पुलिस अधीक्षक घुले सुशील का कहना है कि इस बाबत उप महानिरीक्षक आजमगढ़ के निर्देश पर रामपुर थानाध्यक्ष राजकेशर सिंह की कार्य प्रणाली और शिकायत कर्ता आनंद तिवारी के शिकायतों की जांच सीओ मधुबन को सौंपी गई है। उनकी रिपोर्ट पर आगे की विधि संगत कार्रवाई की जाएगी।