मऊ। चौदह सूत्री मांगों को लेकर फार्मासिस्टों ने शनिवार को सीएमओ कार्यालय पर धरना दिया। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि सरकार अपने वादे से मुकर रही है। क्योंकि समझौते में मांग पूरी करने का आश्वासन दिया गया था।
धरनें में शामिल फार्मासिस्टों को संबोधित करते हुए डिप्लोमा फार्मासिस्ट एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष सरफराज अहमद ने कहा कि फार्मासिस्ट का पद तकनीकी होने और शासन स्तर पर हुए समझौतों के बावजूद अभी तक फार्मासिस्टों को ग्रेड पे 2800 के वेतनमान के प्रारंभिक रूप से ही भुगतान मिल रहा है। मुख्य सचिव द्वारा वेतन समिति को फार्मासिस्ट संवर्ग के वेतन संबंधी प्रकरण पर पहली बैठक में ही निर्णय करने का निर्देश दे दिया गया था। परंतु अभी तक वेतन का उच्चीकरण नहीं हो सका है। मंत्री सुनील कुमार राय ने कहा कि समझौतों के बाद सरकार को एसोसियेशन की14 सूत्रीय मांगों पर शासनादेश निर्गत कर देना चाहिए। लेकिन सरकार ऐसा न कर फार्मासिस्टों के हितों की अनदेखी कर रही है। बाद में मुख्य मंत्री को संबोधित 14सूत्रीय ज्ञापन भी सीएमओ को सौंपा गया। ज्ञापन में कहा गया है कि भत्तों में वृद्धि , केंद्र की भांति प्रदेश के सभी राजकीय चिकित्सालयों में कार्यारत फार्मासिस्टों को पेशेंटकेयर भत्ता दिया जाए। मानक के अनुसार पदों का सृजन किया जाए। दस वर्षों की सेवा पर पद को राजपत्रित घोषित किया जाए। ट्रामा सेंटर पर फार्मासिस्ट के पद सृजित किए जाएं। पुरानी पेंशन बहाल की जाए। धरना स्थल पर अरविंद यादव ,अजीत सिंह, सुरेंद्र प्रसाद केके राय , सुधीर राय, राजीव अकेला , फूलबदन , कमलेश कुमार , जेपी मौर्य , अनवर , अरवी मौर्य , इनामुल कमलनयन, अजय श्रीवासतव, शाबिर , आलोक राय, अरुण राय, पीएन सिंह, जितेंद्र विश्वकर्मा और अशोक सिंह आदि फार्मासिस्ट मौजूद रहे। धरने की अध्यक्षता हेमंत कुमार शुक्ल ने की।