जिले के सहरोज के पास वाराणसी गोरखपुर मार्ग से होकर गुजरता मेगा ट्रेलर। संवाद
250 पहियों वाला मेगा ट्रेलर दो दिन तक मऊ की सीमा पर ठिठके रहने के बाद बृहस्पतिवार की दोपहर 3:33 बजे गोरखपुर की सीमा में पहुंच गया। बढुआ गोदाम से लेकर दोहरीघाट तक 51 किमी के बीच फोरलेन पड़ने वाले 15 गैंट्री बोर्ड और 50 जगहों से बिजली के तार पहले ही हटा लिए गए थे।
ट्रेलर ने सुबह 9:42 बजे मऊ की सीमा में प्रवेश किया और 3:33 बजे सीमा से बाहर चला गया। पहले की गई इस तैयारी के कारण ट्रेलर 5 घंटे 51 मिनट में 51 किमी दूरी तय करके गोरखपुर जिले की सीमा में प्रवेश कर गया। ट्रेलर के साथ चल रहे लोगों ने बताया कि इसे हर 20 से 25 किमी की दूरी पर रोका जाना अनिवार्य है। इसलिए पहले बढुआगोदाम फिर सहरोज और हड़हुआ में कुछ देर के लिए खड़ा किया गया था। वहां से चलने के बाद सीधा गोरखपुर जिले के बड़हलगंज में रोकना था। ट्रेलर के निकलने की खबर मिलते ही आसपास के गांवों से बड़ी संख्या में लोग और वीडियो बनाने वाले कंटेट क्रिएटर्स मौके पर पहुंच गए। भारी वाहन और उस पर लदी विशाल मशीन को देखने के लिए लोगों में खासा कौतूहल रहा। यह ट्रक बेल्जियम से पानी के जहाज के जरिए ओडिशा के पारादीप समुद्र तट तक पहुंचा। भारी-भरकम ट्रक छह अक्तूबर को मऊ जिले के बॉर्डर पर पहुंचा था। इसके बाद रास्ते की परिस्थितियों और वाहन के आकार के कारण इसकी रफ्तार बेहद धीमी रही। दो दिनों में ट्रक महज 10 से 15 किलोमीटर की दूरी तय कर पाया। ट्रक को मऊ से गोरखपुर होते हुए अयोध्या की ओर ले जाया जाएगा। इसके बाद पूर्वांचल एक्सप्रेसवे के रास्ते इसे लखीमपुर खीरी पहुंचाया जाएगा। एनएचएआई गोरखपुर के डिप्टी मैनेजर शुभम विश्वकर्मा ने बताया कि ट्रेलर की ऊंचाई लगभग 8.50 मीटर है। निकाले गए बोर्ड एक सप्ताह में दोबारा लगा दिए जाएंगे। बताया कि उन्हें ट्रेलर को सुरक्षित पास कराने का निर्देश मिला था। जबकि बोर्ड हटाने रास्ता बनाने आदि का काम ब्वायलर मंगाने वाली कंपनी द्वारा किया जा रहा है।