उत्तराखंड के चमोली जिले के माणा गांव में ग्लेशियर की चपेट आने से मऊ के सरायलखंसी थाना क्षेत्र के सरवां गांव निवासी युवक की मौत हो गई है। इसकी सूचना परिजनों को रविवार दोपहर बाद मिली तो क्षेत्र में माहौल गमगीन हो गया। अपने भाई की मौत की पुष्टि बड़े भाई संदीप ने सोमवार को देर शाम की।
मंजीत नौ मार्च 2024 को सड़क बनाने वाली कंपनी बीआरओ में ऑपरेटर के पद नौकरी करता था। वर्तमान में वह उत्तराखंड चमोली जिले में था। वहां पर बीते शनिवार को ग्लेशियर की चपेट में आने से मंजीत की भी अन्य मजदूरों के साथ मौत हो गई। मंजीत घर का इकलाैता कमाने वाला लड़का था। मृतक के पिता शंभू यादव खेती किसानी करते हैं।
बेटे के नौकरी लग जाने से अभी परिवार की बिगड़ी स्थिति में सुधार होना शुरू हुआ ही था कि परिवार के ऊपर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा। मंजीत की बड़ी बहन की शादी हो चुकी है। बीते रविवार को ग्लेशियर की चपेट में आने से मौत होने का पता चला तो पूरा क्षेत्र और गांव का माहौल गमगीन हो गया।मंजीत का उत्तराखंड में नौकरी पर नौ मार्च को एक साल पुरा होने वाला था।
मंजीत के डुमरांव गांव निवासी रिश्तेदार ने बताया कि मंजीत मिलनसार और हर किसी की मदद के लिए हमेशा आगे रहता था। उत्तराखंड के चमोली जनपद से परिवार के लोग मंजीत का शव लेकर गांव आ रहे हैं।