मुख्तार अंसारी गैंग के सदस्य और त्रिदेव कांस्ट्रेक्शन के पूर्व प्रोपराइटर राजेश सिंह की जमीन को मऊ जिले की सरायलखंसी थाने की पुलिस ने गुरुवार को जब्त किया। आरोपी राजेश सरायलखंसी थाने के अहिलाद गांव के निवासी हैं तथा जब्त की गई जमीन खरगजेपुर गांव में है। राजेश वर्ष 2010 में दक्षिणटोला थाना क्षेत्र मतलूबपुर के पास हुई रमेश मौर्य हत्याकांड में मुख्तार के साथ नामजद हुए थे। इस दौरान पुलिस ने उनका गैंगेस्टर में चालान किया था।
नवागत जिलाधिकारी अमित सिंह बंसल ने लंबित गैंगेस्टर की फाइल का अवलोकन करने के बाद राजेश सिंह की खरगजेपुर गांव में मौजूद जमीन को सीज कर जब्त करने का आदेश जारी किया। जब्त की गई जमीन का क्षेत्रफल 766 वर्गमीटर है। जारी आदेश में डीएम ने राजेश सिंह पर अपराध के जरिए अर्जित धन से इस जमीन को खरीदे जाने का अंदेशा जताया है। खरगजेपुर गांव में क्रय की गई जमीन चार गाटे में 766 वर्ग मीटर के क्षेत्रफल में है। जिला प्रशासन ने सर्किल रेट से इसकी कीमत 35 लाख 23 हजार 600 रुपये अनुमानित की है।
सीओ नगर नरेश कुमार ने बताया कि जब्त की गई उक्त अचल संपत्ति को सीजकर जब्त करने का आदेश डीएम कोर्ट से जारी किया गया था। पुलिस की जांच में पाया गया कि राजेश के पास आय का कोई श्रोत नही है। अपराध से अर्जित धनराशि से उन्होंने अचल संपत्ति को खरीदा था। जमीन को जब्त करने के दौरान पुलिस प्रशासन से डुगडुगी बजवाई। साथ ही जमीन पर बोर्ड लगाया ताकि लोगों को पता चले कि यह संपत्ति सरकार ने जब्त की है।