मऊ। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष कृष्णानंद राय के विरुद्ध शहर कोतवाली में धोखाधड़ी और अमानत में खयानत की धाराओं के तहत पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। भीटी स्थित शिक्षक सदन के वाचनालय पुस्तकालय भवन के किराए के रूप में मिले 11 लाख रुपयों को राजकीय कोषागार में न जमा करने पर जिलाध्यक्ष के विरुद्ध डीएम के निर्देश पर वित्त एवं लेखाधिकारी कार्यालय के लेखाकार की तहरीर पर पुलिस ने यह मुकदमा दर्ज कर लिया है। दर्ज मुकदमे के अनुसार, जिलाधिकारी ने 14 अगस्त 2019 को शिक्षक सदन के वाचनालय और पुस्तकालय भवन के किराए के रूप में जून 2010 से जून 2019 तक विभिन्न तिथियों में लगभग 11 लाख रुपये किराए के रूप में प्राप्त किया। कार्यालय में उपलब्ध अभिलेखों के अनुसार वित्तीय वर्ष 2008-09 से वर्ष 2018-2019 तक आठ लाख 98 हजार एक सौ रुपये प्राप्त किया। डीएम ने इस रकम को जमा करने के लए कृष्णा नंद राय को एक सप्ताह का समय दिया था। लेकिन यह रकम उन्होंने जमा नहीं की और हाई कोर्ट चले गए। लेकिन उन्हें वहां से कोई राहत नहीं मिली। इधर वित्त एवं लेखाधिकारी बेसिक के लेखाकर विजय नारायण की तहरीर पर शहर कोतवाली पुलिस ने कृष्णानंद राय के विरुद्ध 10 अक्तूबर को मुकदमा दर्ज कर लिया। कोतवाल राम सिंह का कहना है कि तहरीर के मुताबिक मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस मामले की विवेचना कर रही है। इधर जिलाध्यक्ष कृष्णानद राय का कहना है कि उन्होंने शिक्षक सदन के किराए के रूप में किसी प्रकार की धोखाधड़ी नहीं की। बीएसए के द्वेषपूर्ण कार्यप्रणाली के चलते यह मुकदमा दर्ज कराया गया है।