मऊ। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट नंबर एक रामराज ने गैंगरेप के मामले में आरोपी को दोषी पाते हुए 20 वर्ष का सश्रम कारावास की सजा के साथ ही दस हजार रूपया अर्थदंड निर्धारित किया। अर्थदंड न देने पर छह माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। अर्थदंड जमा हो जाने पर उसे बतौर क्षतिपूर्ति पीड़िता को देने का आदेश दिया। मामला दोहरीघाट थाना क्षेत्र का है। अभियोजन के अनुसार वादिनी मुकदमा की लड़की को आरोपी 11 अप्रैल 2017 को बहला फुसलाकर भगा ले गया। आरोप है कि इस दौरान आरोपीगण नायब चौहान और तारकेश्वर चौहान ने उसके साथ सामूहिक दुराचार किया । पुलिस ने मामले की रिपोर्ट दर्ज कर बाद विवेचना देवरिया जनपद के बरहज कोतवाली क्षेत्र के परसिया देवारा धोबिया टोला निवासी नायक चौहान पुत्र झागू चौहान के विरुद्ध आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया । एक आरोपी तारकेश्वर चौहान अभी फरार है । कोर्ट में अभियोजन की ओर से पैरवी करते हुए एडीजीसी फौजदारी राजेश कुमार पांडेय ने कुल चार गवाहों को पेशकर अपना पक्ष रखा। बचाव पक्ष से कहा गया कि उसे झूठा फंसाया गया है। एडीजे ने दोनों पक्षों के तर्को को सुनने तथा पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद आरोपी नायब चौहान को गैंगरेप का दोषी पाया । दोषी पाए जाने के बाद उसे 20 वर्ष का सश्रम कारावास की सजा के साथ ही दस हजार रूपया अर्थदंड निर्धारित किया। अर्थदंड न देने पर छह माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।