मऊ। अपर सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट नंबर एक जनार्दन यादव ने दहेज के लिए विवाहिता को जलाकर मारने के मामले में पति को दोषी पाया। दोषी पाए जाने के बाद उसे आजीवन कारावास की सजा के साथ ही 20 हजार रुपए अर्थदंड लगाया। अर्थदंड न देने पर 6 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। वही अर्थदंड जमा हो जाने पर 10 हजार रुपए वादी मुकदमा को देने का आदेश दिया। मामला दोहरीघाट थाना क्षेत्र का है।
अभियोजन के अनुसार गोरखपुर जनपद के बड़हलगंज कोतवाली क्षेत्र के मधुपुरा गांव निवासी नंदकिशोर ठठेरा पुत्र स्व. रघुनाथ की तारीख पर एफआईआर दर्ज हुई। वादी का कथन है कि उसकी पुत्री अर्चना की शादी 13 जून 17 को दोहरीघाट थाना क्षेत्र के रेयाव गांव निवासी राजा ठठेरा पुत्र फूलचंद के साथ हुई थी। आरोप है कि दहेज के लिए 20 सितंबर 2017 को उसके ससुराल वाले मिट्टी का तेल छिड़ककर जला दिए, जिससे उसकी मौत हो गई। पुलिस ने विवेचना कर आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। न्यायालय में अभियोजन की ओर से पैरवी करते हुए एडीजीसी फौजदारी अनिल कुमार पांडेय ने कुल 7 गवाहों को पेशकर अभियोजन का पक्ष रखा। बचाव पक्ष से कहा गया कि उसे झूठा फंसाया गया है। एडीजे ने दोनों पक्षों के तर्कों को सुनने तथा पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद आरोपी राजा ठठेरा को हत्या का दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा के साथ ही 20 हजार रुपए अर्थदंड लगाया। अर्थदंड न देने पर 6 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। वही अर्थदंड जमा हो जाने पर 10 हजार रुपए वादी मुकदमा को देने का आदेश दिया।