राजस्व वसूली एवं अन्य राजस्व कार्यों की जिलाधिकारी अरुण कुमार ने समीक्षा बैठक के दौरान कैंप कार्यालय सभागार में समीक्षा की । समीक्षा में तहसीलवार वाहन कर, विद्युत कर, बैंक देय आदि की वसूली कम पाए जाने पर नाराजगी जताई। समस्त उप जिलाधिकारियों को इसमें तेजी लाने का निर्देश दिया। उप जिलाधिकारियों को प्रत्येक अमीन के अनुसार आरसी का रिकॉर्ड एवं जमा पर्ची का रिकार्ड अपडेट रखने का निर्देश दिया।
गत माह 10 बड़े बकाएदारों से वसूली की समीक्षा के दौरान समस्त तहसीलों में कम वसूली पर जिलाधिकारी ने बकाएदारों के खिलाफ कड़े कदम उठाते हुए वसूली बढ़ाने का निर्देश दिया। जनपद स्तर पर आय प्रमाण पत्र जारी करने में 56 प्रतिशत मामले निर्धारित समय सीमा के उपरांत पाए जाने पर समस्त उप जिलाधिकारियों को कड़ी चेतावनी। कहा कि समस्त प्रमाणपत्रों को निर्धारित समय सीमा के अंदर ही जारी किया जाए। साथ ही इसकी नियमित समीक्षा कर आवश्यक कार्यवाही करने के भी निर्देश दिए।
जिलाधिकारी ने समस्त उप जिला अधिकारियों को विभिन्न विभागों में संचालित योजनाओं के लिए प्राथमिकता के आधार पर सरकारी जमीनों का चिह्ननीकरण कर उन्हें उपलब्ध कराने के भी निर्देश दिए। इसके अलावा उन्होंने नए माफियाओं को चिह्नित करने, सफाई अभियान, नियम विरुद्ध बज रहे लाउडस्पीकर, अवैध खनन आदि के खिलाफ लगातार अभियान चलाने का निर्देश दिया।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने आईजीआरएस तथा मुख्यमंत्री हेल्पलाइन नंबर पर प्राप्त शिकायतों का गुणवत्ता पूर्ण निस्तारण करने एवं शिकायतकर्ता से बात कर उसे कार्यवाही से संतुष्ट करने के भी निर्देश दिया। शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी।
बैठक के दौरान अपर जिलाधिकारी भानु प्रताप सिंह, सिटी मजिस्ट्रेट नीतीश कुमार सिंह, जिला आबकारी अधिकारी जेजे प्रसाद सहित अन्य सभी संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे।
किसानों से मिलें लेखपाल, बढ़ाएं गेहूं खरीद
बैठक के दौरान जनपद में गेहूं खरीद में पर्याप्त वृद्धि न होने पर जिलाधिकारी ने समस्त उप जिला अधिकारियों को लेखपाल के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में किसानों से समन्वय स्थापित कर खरीद में वृद्धि करने का निर्देश दिया। साथ ही ऐसे वेंडर जिनका रजिस्ट्रेशन नहीं है, उनके खिलाफ कार्रवाई करने का निर्देश दिया।