फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

महंगाई बढ़ी लेकिन मिडडे मील की कनवर्जन मनी की दरों में नहीं हुई वृद्धि

विज्ञापन
विज्ञापन
मऊ। सरकारी स्कूलों और मान्यता प्राप्त अनुदानित विद्यालयों में पहली से कक्षा आठ तक के छात्रों के लिए मिड डे मील के लिए कनवर्जन मनी की दरें 14 साल पहले तय की गई थीं। पहले की शुरुआती सालों में दरों में बढोतरी की गई लेकिन इधर दो सालों से वृद्धि नहीं हुई। विद्यालय प्रबंध समिति ने दरों में वृद्धि करने की मांग की है। जिले में 1208 प्राथमिक विद्यालय, 95 उच्च प्राथमिक विद्यालय और मान्यता प्राप्त विद्यालय, 67 अनुदानित माध्यमिक विद्यालयों और समाज कल्याण द्वारा संचालित 59 अनुदानित अंबेडकर विद्यालय हैं। शहरी क्षेत्र के विद्यालयों में मिड डे मील की आपूर्ति एनजीओ से की जाती है। लेकिन ग्रामीण क्षेत्र में प्रधान और विद्यालय प्रबंध समिति व्यवस्था करती है। विद्यालयों में 2008 से पका पकाया भोजन देने की व्यवस्था थी। उस समय प्राथमिक कक्षा के लिए 2.50 रुपये प्रति छात्र और उच्च प्राथमिक कक्षाओं के लिए तीन रुपये प्रति छात्र की दर नियत की गई थी। पहली अप्रैल साल 2020 में प्राथमिक कक्षाओं के लिए 4.97 रुपये प्रति छात्र प्रति दिन तथा उच्च प्राथमिक कक्षाओं के लिए 7.45 रुपये तय की गई है। दो सालों से इन दरों में कोई वृद्धि नहीं हुई। जबकि विद्यालय प्रबंध समिति के दयाराम, अमरजीत, देवनाथ ओर प्रभावती का कहना है कि इन दो सालों में सरसो तेल से लेकर मसाले, सब्जियां, घी सहित मिड डे मील में लगने वाले सारे सामान महंगे हो गए हैं। बीएसए डा. संतोष कुमार सिंह ने बताया कि कनवर्जन मनी की दरें समय-समय पर शासन स्तर से बढ़ती रहती हैं। वैसे यह नीतिगत निर्णय शासन स्तर का है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें