बार कौंसिल आफ उत्तर प्रदेश इलाहाबाद के आह्वान पर प्रतापगढ़ व कानपुर में अधिवक्ता की हत्या तथा अन्य जगहों पर अधिवक्ताओं के ऊपर हुए प्राण घातक हमले के विरोध में अधिवक्ता पूरे दिन न्यायिक कार्य से विरत रहे। मौन जुलूस निकालकर अपनी मांगो से संबंधित ज्ञापन नगर मजिस्ट्रेट अमरनाथ राय को सौंपा। अधिवक्ताओं के न्यायिक कार्य से विरत रहने के चलते वादकारियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
सिविल कोर्ट सेंट्रल बार एसोसिएशन की बैठक शनिवार को संघ के पुस्तकालय भवन में हुई। इसमें बार कौंसिल आफ उत्तर प्रदेश इलाहाबाद के आह्वान पर प्रतापगढ़ व कानपुर में अधिवक्ताओं की हुई हत्या तथा अन्य जगहों पर अधिवक्ताओं के ऊपर हुए प्राण घातक हमले पर मौन जुलूस निकाल कर विरोध जताते पर सहमति बनी। अधिवक्ताओं ने सर्वसम्मति से बार कौंसिल के प्रस्ताव का समर्थन करते हुए पूरे दिन न्यायिक कार्य से विरत रहने का निर्णय लिया।
इसके बाद बाद अपराह्न एक बजे अधिवक्ताओं ने मौन जुलूस निकाल कर कलेक्ट्रेट परिसर पहुंचकर अपनी मांगों से संबंधित एक ज्ञापन नगर मजिस्ट्रेट को सौंपा। ज्ञापन में मांग की कि अधिवक्ताओं के ऊपर हो रहे प्राणघातक हमले तथा हत्याओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाया जाय,
अधिवक्ताओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने, हत्या में शामिल अपराधियों को कड़ी सजा दिलाई जाने, मृतक अधिवक्ता के परिवारीजनों को मुख्यमंत्री सहायता कोष से 50 लाख रुपये आर्थिक सहायता दिलाए जाने व आश्रितों को सरकारी नौकरी दिए जाने की मांग शामिल है। इस मौके पर बार के अध्यक्ष शम्सुल हसन, महामंत्री दारोगा सिंह, हरिद्वार राय, अमरनाथ सिंह, राजेश सिंह, अश्वनी सिंह, अरविंद तिवारी, प्रमोद साहनी, ऋषिकेश सिंह, आदि अधिवक्ता शामिल रहे।
तहसील सदर बार एसोसिएशन के अधिवक्ताओं ने बैठक कर पूरे दिन न्यायिक कार्य से विरत रहे। तथा अपनी मांगों के संबंध में एक ज्ञापन एसडीएम सदर को सौपा। इस मौके पर बार के अध्यक्ष अखिलानंद सिंह, मंत्री अखिलेश श्रीवास्तव, अजीतलाल श्रीवास्तव, अजय सिंह, राजीव श्रीवास्तव, बालमुकुंद सिंह, राजेंद्र चौहान, बद्रीनाथ सिंह, सुभाष सिंह आदि लोग मौजूद रहे।
डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के अधिवक्ताओं ने भी बैठक कर बार कौंसिल के प्रस्ताव के समर्थन में पूरे दिन न्यायिक कार्य से विरत रहे।
तथा मौन जलूस निकाल कर नगर मजिस्ट्रेट को ज्ञापन सौंपा। इस मौके पर बार के अध्यक्ष बीवी सिंह, महामंत्री अतुल राय, ईश्वरचंद त्रिपाठी, पीएन सिंह, चेत सिंह, केशव यादव, शब्बीर अहमद, अरविंद राय, रितेश लाल आदि अधिवक्ता शामिल रहे।
तहसील मुहम्मदाबादगोहना, तहसील घोसी व मधुबन के अधिवक्ताओं ने भी बार कौंसिल के प्रस्ताव के समर्थन में मौन जलूस निकाल कर ज्ञापन दिया। तथा प्रस्ताव पास कर पूरे दिन न्यायिक कार्य से विरत रहे।