मऊ। बलिया जिले में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह में हुए धांधली को लेकर जिले में समाज कल्याण विभाग द्वारा सर्तकता बरती जा रही है। इसी क्रम में नियमानुसार भुगतान से पहले दस फीसदी लाभार्थियों के बजाए विभाग चार सदस्यीय विशेष टीम गठित कर जांच के बाद लाभार्थियों का भुगतान करेगी। अब तक जिले में सीएम सामूहिक विवाह के तहत 472 लाभार्थियों के खाते में राशि भेजी जा चुकी है, वहीं चार सौ से ज्यादा लाभार्थियों का भुगतान अब जांच के बाद किया जाएगा।
जिला समाज कल्याण अधिकारी अनुज कुमार ने बताया कि नियमानुसार सामूहिक विवाह में शामिल लाभार्थियों में दस फीसदी लाभार्थियों का सत्यापन उनके स्तर पर किया जाता है। लेकिन इस बार बलिया प्रकरण को देखते हुए चार सदस्यीय टीम गठित कर लाभार्थियों का सत्यापन की योजना है। बताया कि जिले में मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह में अभी कोई फर्जी लाभार्थी का मामला सामने नहीं आया है। बताया कि मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2022-23 में जिले में 1300 शादी का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। जहां इसके लिए 1370 आवेदनों में आए 170 आवेदन को निरस्त कर दिया गया। इस दौरान जिले के अलग-अलग ब्लॉकों में अलग-अलग दिन में हुए सामूहिक विवाह में 875 जोड़ों का विवाह कराया गया। इसमें 472 जोड़ों को दो करोड़ 40 लाख 72 हजार रुपये का भुगतान किया जा चुका है। जबकि 403 जोड़ों का दो करोड़ से ज्यादा का भुगतान शेष है, जिसमें नियमानुसार जांच करने के बाद भुगतान कर दिया जाएगा।