मऊ। मुख्य विकास अधिकारी प्रशांत नागर ने शुक्रवार को जिला अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान पांच डॉक्टर अनुपस्थित मिले। सीडीओ ने अनुपस्थित डॉक्टरों से दो दिन के अंदर जवाब मांगा है।
अमर उजाला ने 4 अप्रैल 2025 अंक में आयुर्वेद, यूनानी पद्धति से इलाज, दवाएं लिख रहे हैं एलोपैथ की शीर्षक खबर प्रकाशित किया था। खबर को संज्ञान में लेकर सीडीओ शुक्रवार की सुबह 10:22 बजे जिला अस्पताल पहुंचे। इस दौरान होम्योपैथ चिकित्सक डॉ. जी कुमार रजिस्टर में अनुपस्थित थे।
निरीक्षण की सूचना मिलते ही चेंबर में जाकर बैठ गए। वहीं यूनानी चिकित्सक डॉ. मुस्तफा अंसारी, चिकित्साधिकारी डॉ. मुकुल मौर्य, हृदय रोग के वरिष्ठ डॉ. पीएन चतुर्वेदी और फिजिशियन डॉ. मोहम्मद आमिर अपने ओपीडी से गायब मिले।
सीडीओ ने आयुष विभाग में दवाओं की उपलब्धता की जानकारी ली, जिसमें चिकित्सक ने बताया गया कि दवाओं के लिए कोई बजट आवंटन न होने के कारण दवाएं स्टोर में नहीं है। उन्होंने सीएमएस को तत्काल बजट आवंटन के लिए शासन स्तर पर पत्र लिखकर दवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
साथ ही डॉक्टरों की उपस्थिति बायोमेट्रिक से लेने के विषय में सीएमएस ने चुप्पी साध ली। सीएमएस ने कंप्यूटर ऑपरेटर के अवकाश पर होने के चलते यह दिक्कत आने की बात कही। सीडीओ ने एक माह की बायोमेट्रिक उपस्थिति की रिपोर्ट मांगी है। इस दौरान सीडीओ ने अस्पताल में आए मरीजों से बात कर अस्पताल में मिलने वाली दवाओं और सुविधाओं की जानकारी ली।इसके साथ ही उन्होंने डॉक्टरों को समय से अस्पताल आने के निर्देश दिए। चेतावनी दी कि मरीजों को कोई समस्या न हों।