मऊ। कोरोना संक्रमितों की दिनोंदिन बढ़ती संख्या को देखते हुए जिला प्रशासन ने शहर में संपूर्ण लॉकडाउन कर दिया है। 15 दिनों के लिए लागू लॉकडाउन के पहले दिन सोमवार को दुकानें पूरी तरह बंद रहीं। केवल चिह्नित दवा और किराना की दुकानें ही खुली। लेकिन हाइवे और शहर के बाल निकेतन रोडवेज होकर गाजीपुर तिराहे की ओर आने वाली सड़क पर वाहनों का आवागमन रोज अपेक्षा ज्यादा हुआ। हाइवे से जुड़ी अंदर मुहल्लों की ओर जाने वाली सड़कों को बल्ली लगाकर सील कर दिया गया था। बैंक खुले थे, लेकिन सोमवार का दिन होने के बावजूद बैंकों में ग्राहक ही नहीं थे।
लॉकडाउन के तहत गाजीपुर तिराहे से बलिया मोड़ और ढेकुलियाघाट होते हुए भदेसरा और मतलूपुर मोड़ तक की एरिया को लाया गया है। इस क्षेत्र की सभी दुकानों, प्रतिष्ठानों को बंद रखा गया था। मतलूपुर मोड़ से बैरिकेडिंग करके आजमगढ़ की ओर से आने वाले वाहनों को सहरोज, डांड़ी होकर चलाया गया। जबकि वाराणसी गोरखपुर हाईवे पर रोजाना की भांति वाहनों का संचालन होता रहा। टेंपो, ई-रिक्शा टैक्सियों मोटरसाइकिलों का संचालन अन्य दिनों से तनिक भी कम नहीं था। बैरियर प्वाइंटों पर पुलिस की कहीं रोक टोक नहीं थी। हां, मतलूपर मोड़ पर बैरियर प्वाइंट पर पुलिस की सख्ती दिखी। यहां पुलिस वाहनों को डाडी चट्टी जाने वाले बाईपास मोड़ पर घुमा दी।
भीटी चौराहे पर अंदर शहर की ओर जाने वाली सड़क का बंद कर दिया गया था। इसी प्रकार बरपुर मोड़ से रोडवेज जाने वाली सड़क, पुरानी तहसील से अंदर की ओर जाने वाली सड़क को बंद कर दिया गया था। इसी प्रकार आजमगढ़ मोड़ पर मिर्जाहादीपुरा की ओर जाने वाली सड़क को बंद कर दिया गया था। आगे सलाहाबाद मोड़, शीतला माता मंदिर जाने वाली सड़क, दशई पोखरा जाने वाली सड़क तथा मिर्जाहादीपुरा चौराहे पर रानीपुर की ओर जाने वाली को सील कर दिया गया था। बलिया मोड़ से ढेकुलियाघाट वाली रोड को खोला गया था जिससे रोडवेज बसों सहित अन्य वाहन बालनिकेतन रोडवेज होते हुए गाजीपुर तिराहा की ओर जा रहे थे।
शहर में एकाध स्थानों पर दिखे ठेले
शहर में इक्का दुक्का ही फलों और सब्जियों के ठेले दिखाई दिए। बालनिकेतन, रोडवेज और गाजीपुर तिराहा तथा भीटी और मिर्जाहादीपुरा चौराहे पर जहां अन्य दिनों में फलों और सब्जियों के ठेलों की भरमार रहती थी। सोमवार को सन्नाटा पसरा रहा।
महिला अस्पताल जाने वालों को हुई परेशानी:
मऊ। भीटी चौराहे के पास बैरिकेडिंग हो जाने से महिला अस्पताल पहुंचने वाली मरीजों को परेशानी हुई। इसी प्रकार महिला अस्पताल आने कर्मचारियों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा।
भ्रम के चलते कई क्षेत्रों में दुकानें रहीं बंद
मऊ। लॉकडाउन को लेकर कुछ क्षेत्रों में भ्रम की स्थिति रही।इससे कई क्षेत्रों में दुकानदारों ने अपनी दुकानें नहीं खोलीं। बलिया मोड़ और मुसरदह तथा घनी आबादी से अलग वाले क्षेत्रों को लाकडाउन से छूट थी। लेकिन लोगों ने दुकानें बंद रखीं। यहां तक बाइक मेकेनिक जैसे सेवा देने वाले भी अपनी दुकानें बंद रखे।
विद्यालय खुलने की सूचना से परेशान थे शिक्षक
मऊ। माध्यमिक विदयालयों और इंटर कालेजों को सोमवार से ही खोले जाने के आदेश थे। शहर के कई विद्यालयों और कालेजों में बाहर से अध्यापक और शिक्षिकाएं आती हैं। लिंक रोड बंद किए जाने से बाहर से आने वालों विशेषकर शिक्षिकाओं को परेशानी हुई।
सब्जी मंडी में नहीं आए किसान:
मऊ। लॉक डॉउन के चलते सब्जीमंडी में सब्जियां लेकर आने वाले किसानों की संख्या नगण्य रही। इसका नतीजा रहा कि बहुत सब्जी विक्रेताओं को सब्जियां नहीं मिलीं। कई सब्जी विक्रेताओं को खाली हाथ बैंरंग लौटना पड़ा।