मऊ। भाकपा नेता अतुल कुमार अनजान ने कहा है कि सरकार को किसानों के हितों की चिंता बिलकुल नहीं है। अखिल भारतीय किसान सभा के अपील पर किसान बिलों के विरोध को देखते हुए सरकार के इशारे पर प्रशासन ने किसान नेताओं के घरों पर नाकेबंदी कर दी। कई किसान नेताओं कें घरों रात में ही पुलिस का पहरा बिठा दिया जिससे किसान नेता घरों के बाहर निकलकर विरोध प्रदर्शन में जाने न पाएं। इसके बावजूद कई किसान नेेताओं ने प्रशासन को चुनौती देते हुए किसान बिलों की प्रतियां जलाया। किसान नेता ने कहा कि सरकार को दमनकारी नीति छोड़ कर किसान हितों के बारे में पारदर्शिता के साथ काम करना चाहिए। किसान नेता अनजान ने कहा कि मऊ में किसान सभा नेताओं के घर पर पुलिस ने की नाकेबंदी कर दिया था।
अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति एवं उत्तर प्रदेश किसान सभा के संयुक्त आवाहन पर पूरे उत्तर प्रदेश में किसानों ने तीन कृषि कानूनों की प्रतियों को जलाया। मऊ जनपद में खुरहट में किसान सभा के राज्य सचिव राम कुमार भारती के घर पर सुबह से ही पुलिस ने नाकेबंदी कर दी। जिला किसान सभा के महासचिव हाजी गुफरान अहमद एवं शेख निजामुद्दीन सहित कई नेताओं के घरों पर पुलिस ने दबिश डालकर किसान नेताओं को तीन काले कानूनों की प्रति जलाने से रोकने का प्रयास किया।
घोसी के मानिकपुर असना में किसान नेताओं ने सैंकड़ों किसानों के सामने काले कानूनों को जलाया। उसके बाद पुलिस नेताओं के घर पर दबिश डालकर बैठ गई। उत्तर प्रदेश किसान सभा के उपाध्यक्ष देवेंद्र मिश्र ने रतनपुरा में अपने साथियों सहित तीनों कानूनों की कॉपी को जलाया। किसान नेता ने कहा कि अगर इस आंदोलन को लोकसभा चुनाव 2024 तक चलाना पड़ेगा तो भी इसे जारी रखा जाएगा।