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Mau News: तीसरी आंख की निगहबानी में शुरू हुआ उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन

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मऊ। नगर क्षेत्र के दो मूल्यांकन केंद्रों पर यूपी बोर्ड हाईस्कूल, इंटरमीडिएट परीक्षा के उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य शनिवार को वायस रिकार्डरयुक्त सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में शुरू हुआ। 1133 परीक्षकों ने लगभग 5891 उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन किया। मूल्यांकन कार्य शुरू होने से पूर्व उप प्रधान परीक्षकों तथा परीक्षकों को प्रशिक्षण दिया गया। यूपी बोर्ड यूपी बोर्ड हाईस्कूल, इंटरमीडिएट परीक्षा के उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन कार्य के लिए नगर में दो मूल्यांकन केंद्र बनाए गए हैं।
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इंटरमीडिएट उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन के लिए नगर स्थित डीएवी इंटर काॅलेज को बनाया गया है। यहां 801 परीक्षकों की ड्यूटी लगाई गई है। पहले दिन शनिवार को मात्र 422 परीक्षक ड्यूटी पर पहुंचे। परीक्षकों को प्रशिक्षण देने के बाद 52 उप प्रधान परीक्षकों की निगरानी में 73 टोली बनाया गया था। उप नियंत्रक तथा प्रधानाचार्य देवभाष्कर तिवारी ने 801 के सापेक्ष 422 परीक्षक ड्यूटी पर आए। अपराह्न पांच बजे तक लगभग 2122 उत्तरपुस्तिकाएं जांची जा चुकी थीं। हाईस्कूल उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन के लिए नगर स्थित तालीमुद्दीन इंटर काॅलेज को मूल्यांकन केंद्र बनाया गया है। यहां 1442 परीक्षकों की ड्यूटी लगाई गई है। पहले दिन शनिवार को 711 परीक्षक ही ड्यूटी पर आए। 133 उप प्रधान परीक्षकों की निगरानी में 71 टोली बनाई गई थी। अपराह्न पांच बजे तक लगभग 3769 उत्तरपुस्तिकाएं जांची जा चुकी थी।
उप नियंत्रक तथा प्रधानाचार्य मुहम्मद मजहर का कहना था कि पहले दिन 711 परीक्षक ड्यूटी पर आए। पहले दिन लगभग 3769 उत्तरपुस्तिकाओं का मूल्यांकन किया गया।
इनसेट
माध्यमिक शिक्षकों ने किया मूल्यांकन कार्य का बहिष्कार
मऊ। माध्यमिक शिक्षक संघ के विभिन्न गुटों के तत्वावधान में शिक्षकों ने शनिवार को यूपी बोर्ड हाईस्कूल, इंटरमीडिएट उत्तरपुस्तिकाओं के मूल्यांकन कार्य का बहिष्कार किया। साथ ही सात सूत्री मांगों को लेकर मूल्यांकन केंद्रों पर प्रदर्शन किया और जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारी शिक्षकों का कहना था कि माध्यमिक विद्यालयों में तैनात तदर्थ शिक्षकों का वेतन आठ माह से वेतन रोक दिया गया है। इसे अविलंब बहाल किया जाए। पुरानी पेंशन योजना बहाल को बहाल किया जाए। वित्तविहीन शिक्षकों को मानदेय दिया जाए। साथ ही नियमित किया जाए। सरकारी कर्मचारियों की तरह शिक्षकों को कैशलेस सुविधा दिया जाए। मांगों को अविलंब पूरा नहीं किया गया तो हम लोग आंदोलन तेज करने को बाध्य हो जाएंगे। प्रदर्शन करने वालों में अभिषेक कुमार सिंह, इंद्रसेन सिंह, लक्ष्मीकांत राय, गिरीशनारायण सिंह, अशोक मौर्य, अशरफ अली, कुणाल सिंह, रामाकांत यादव, अविनाश सिंह आदि शामिल रहे।
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