मऊ। रेल यात्रियों की परेशानी थमने का नाम नहीं ले रही है। ठंड और कोहरे का असर ट्रेनों पर दिखने लगा है। बुधवार को सात के अधिक ट्रेनें एक से छह घंटे देरी से मऊ जंक्शन पर पहुंचीं। पहले तो त्योहारों के चलते दो माह तक ट्रेनों में मारामारी रही अब ठंड के कारण ट्रेनों की लेटलतीफी से यात्रियों की परेशानी बढ़ गई है। जिसके चलते रेल यात्रियों को समय पर गंतव्य तक नहीं पहुंच पा रहे हैं। लंबी दूरी की ट्रेनें अधिक प्रभावित हैं। वहीं महत्वपूर्ण ट्रेनें भी एक से छह घंटे लेट चल रही हैं।
त्योहारों के बाद अब मांगलिक कार्यक्रमों की शुरूआत हो गई है। ऐसे में ट्रेनों में भीड़ बढ़ गई है। बुधवार को मऊ जंक्शन पर यात्री ट्रेनों का इंतजार करते नजर आए। सुबह से शाम तक प्लेटफार्म नंबर एक, दो और तीन पर यात्रियों की भीड़ रही। बुधवार को मऊ से मुंबई जाने वाली काशी एक्सप्रेस एक घंटे, गोदान एक्सप्रेस 30 मिनट देरी से पहुंची। मऊ से गोरखपुर जाने वाली काशी एक्सप्रेस साढ़े तीन घंटे, गोरखपुर एक्सप्रेस ढाई घंटे और गोरखपुर साप्ताहिक एक्सप्रेस साढ़े छह घंटे लेट पहुंची। बलिया आजमगढ़ और लखनऊ जाने वाली ट्रेनें भी प्रभावित रहीं। प्रयागराज जाने के लिए ट्रेन का इंतजार कर रहे सौरभ और रितेश ने बताया कि वो रेलवे की ऑनलाइन एप्लीकेशन पर ट्रेन की लोकेशन देखकर घर से चले थे। यहां पहुंचने के बाद ट्रेन और लेट हो गई। वहीं गोरखपुर जाने वाली ट्रेन का इंतजार कर रहे आशा श्रीवास्तव, अशोक श्रीवास्तव ने बताया कि शादी समारोह में शामिल होने के लिए बच्चों के साथ निकले हैं। लेकिन ट्रेन छह घंटे लेट है। ठंड के चलते बच्चों के बीमार होने की आशंका है।