दिव्य ज्योति जागृति संस्थान की ओर से कस्बा स्थित गौरीशंकर मंदिर के प्रांगण में चल रहे पांच दिवसीय श्री हरिकथा ज्ञान यज्ञ के दूसरे दिन साध्वी सुमन भारती ने कहा कि प्रवचन व कथाओं से जहां व्यक्तिगत व सामाजिक समस्याओं का समाधान मिलता है वहीं परमानंद दायक ईश्वर के दर्शन भी। अभिलाषा तीव्र्र होती है।
उन्होंने श्रीराम जन्मोत्सव की कथा सुनाते हुए कहा कि यह प्रसंग आज के समाज को तत्व दर्शन की ओर प्रेरित करता है। कहा कि महाराज मनु देवी सतरुपा ने अपने तप ज्ञान से परमात्मा का दर्शन पाया। कहा कि भौतिक पदार्थ के चलते मनुष्य दुखी, अशांत व परेशान है।
इसलिए मनुष्य को अपने जीवन मेें परमात्मा की खोज करनी चाहिए। भगवान श्रीराम के चरित्र का वर्णन किया। इस अवसर पर शंकर बाबू, नरेंद्र राय, केशव त्रिपाठी, प्रेम राय, अनूप, श्रीराम जायसवाल, दुर्गेश गुप्ता आदि शामिल थे।