इस वर्ष सूखा से बर्बाद हुई फसलों का मुआवजा मिलने लगा है, जिसके लिए ग्रामीणों की भीड़ कागजी कोरम पूरी करने के लिए तहसीलों पर उमड़ रही है।
मुहम्मदाबाद गोहना तहसील पर इन दिनों मेला जैसा दृश्य है। सूखा राहत के लिए मुहम्मदाबाद गोहना तहसील क्षेत्र के किसानों का तहसील कार्यालय पर रोजाना तांता लग रहा है। मंगलवार को खतौनी प्राप्त करने को लेकर खतौनी खिड़की पर सैकड़ों की संख्या में किसान लाइन लगाये हुए थे।
बता दें कि सूखा राहत के लिये केन्द्र से धन मिलने के बाद इन दिनों इसके वितरण को लेकर किसानों की भूमि व इसमें बोई गई फसल का सत्यापन का कार्य चल रहा है। सूखा राहत के धन को लेकर खतौनी की कापी लगाना सबसे जरूरी है। इसी को लेकर किसानों की भीड़ तहसील भवन पर उमड़ रही है।
सूखा राहत धनराशि के वितरण के बारे में पूछे जाने पर तहसीलदार अनिल कुमार ने बताया कि राहत के लिए मुहम्मदाबाद गोहना तहसील को 12 करोड़ रुपये की धनराशि आवंटित की गई है। इसमें से अभी तक पांच करोड़ रुपये की राहत किसानों को दी जा चुकी है।
कहा कि प्रथम चरण में दो हेक्टेअर या उससे कम भूमि के मालिकाना हक वाले किसानों को 13 हजार पांच सौ रुपये प्रति हेक्टेअर की दर से राहत धनराशि दी जा रही है। बताया कि इसके लिए किसानों को खतौनी, बैंक पासबुक व पहचान पत्र की कापी लगाकर संबंधित लेखपाल के पास जमा करना है।
इसके बाद उक्त किसान के खाते में सीधे धनराशि भेजी जा रही है। बताया कि दो हेक्टेअर से अधिक भूमि के किसानों की लिस्ट भी तैयार कराकर उनके खाते में धनराशि भेजी जाएगी।