मऊ। जिला एवं सत्र न्यायाधीश रामेश्वर में आंख फोड़ने और जालसाजी कर बैनामा कराने के अलग-अलग मामलों में नामजद दो आरोपियों की जमानत अर्जी खारिज कर दी।
पहला मामला कोपागंज थाना क्षेत्र का है। अभियोजन के अनुसार वादिनी मुकदमा गुड़िया देवी पत्नी रामविलास सोनकर की तहरीर पर एफआईआर दर्ज हुई। वादिनी का आरोप है कि उसका पति भुट्टा भूजने का कार्य करता है। इस दौरान धन के लेनदेन के विवाद को लेकर आरोपी ने नुकीली चीज से आंख पर प्रहार कर दिया। जिससे उसके पति रामविलास सोनकर की आंख फूट गई।
मामले में आरोपी कोपागंज थाना क्षेत्र के दोस्तपुरा मोहल्ला निवासी जितेंद्र उर्फ मिथुन पुत्र जगदीश हरिजन की ओर से जमानत के लिए अर्जी दी गई। जिसे सुनवाई के बाद खारिज कर दिया गया।
दूसरा मामला कोपागंज थाना क्षेत्र का है। अभियोजन के अनुसार वादी मुकदमा सलाउद्दीन सऊदी अरब में रहकर नौकरी करता था। उसी दौरान उसकी जमीन को जालसाजी करके दूसरे का फोटो लगाकर के विजयमती उर्फ विजयमाला पत्नी रामानंद मौर्य ने अपने नाम करा लिया। मामले में आरोपी शाहपुर गांव निवासिनी विजयमती उर्फ विजयमाला पत्नी रामानंद मौर्य की ओर से जमानत के लिए अर्जी दी गई। जिसे सुनवाई के बाद खारिज कर दिया।
जिला जज ने यह आदेश बचाव पक्ष और प्रभारी डीजीसी फौजदारी मणिबहादुर सिंह के तर्कों को सुनने तथा केस डायरी का अवलोकन करने के बाद पारित किया।