मऊ। शहर कोतवाली क्षेत्र के तहसील सदर में शुक्रवार की दोपहर दो अधिवक्ताओं में कहासुनी के बाद विवाद हो गया। एक अधिवक्ता की तहरीर पर पुलिस ने एक नामजद सहित पांच अज्ञात के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया। उधर घटना को लेकर तहसील परिसर मे भगदड़ मच गई। लोगों के बीच बचाव पर मामला शांत हुआ। तहसील सदर बार एसोसिएशन के अधिवक्ता राम प्रकाश त्रिपाठी ने बताया कि वह शुक्रवार को तहसीलदार सदर के न्यायालय में किसी मामले में पैरवी कर रहे थे। उसी दौरान भीटी मोहल्ला निवासी अधिवक्ता सुदर्शन सिंह कुछ लोगों के साथ कोर्ट में पहुंचे और उनसे कहासुनी करने लगे। दोनों के बीच हाथापाई होने लगी। दोनों लोग कोर्ट से बाहर निकले और देखते ही देखते मारपीट होने लगी। सूचना पर शहर कोतवाल मय फोर्स के तहसील परिसर पहुंचे। पुलिस ने अधिवक्ता रामप्रकाश त्रिपाठी की तहरीर पर सुदर्शन सिंह व पांच अज्ञात लोगों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कर मामले की विवेचना शुरू कर दी। तहसीलदार सदर संजीव कुमार यादव ने बताया कि वह कोर्ट में बैठकर न्यायिक कार्य कर रहे थे, उसी दौरान उनके कोर्ट में आकर सुदर्शन अधिवक्ता रामप्रकाश त्रिपाठी के साथ हाथापाई करने लगे। कोर्ट से बाहर जाकर मारपीट होने लगी। आरोपी अधिवक्ता सुदर्शन सिंह ने बताया कि वह एक मामले में तहसीलदार कोर्ट में पैरवी करने के लिए गए थे। कोर्ट में अपनी बात रखना चाह रहे थे, लेकिन वहा मौजूद अधिवक्ता ने विरोध करते हुए कोर्ट को प्रभावित करना चाहा और उलझने लगे। जब मेरे ड्राइवर ने मना किया तो अधिवक्ता ने उसे भी मारा पीटा।