मधुबन। क्षेत्र के सिधा अहिलासपुर गांव के 18 वर्ष पुराने मामले में दोषी पाए जाने पर राजस्व निरीक्षक की तहरीर पर तत्कालीन लेखपाल के खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज हुआ है। लेखपाल वर्तमान में घोसी तहसील में तैनात है, जिसे एसडीएम ने दो दिन पहले निलंबित कर दिया था। लेखपाल रामपाल बहादुर सिंह को वर्ष 2005 में सीधा अहिलासपुर निवासी अनंत मल्ल और धारी मल्ल की खतौनी रजिस्ट्रार कार्यालय में जमा करनी थी लेकिन लेखपाल ने जमा नहीं कराई। बाद में दोनों किसानों को इस बात की जानकारी हुई। दोनों ने कुछ दिनों पहले उपजिलाधिकारी मधुबन को पत्र देकर कार्रवाई की मांग की थी। मामले को संज्ञान में लेकर उपजिलाधिकारी अवधेश चौहान ने राजस्व निरीक्षक प्रेम बहादुर गुप्त को जांच करने का निर्देश दिया था। जांच में दोषी पाए जाने पर राजस्व निरीक्षक की तहरीर पर लेखपाल के खिलाफ पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया है। इस बाबत उपजिलाधिकारी अवधेश कुमार चौहान ने बताया कि 18 वर्ष पुराने मामले में दो किसानों ने शिकायत की थी। जांच में दोषी पाए जाने पर लेखपाल के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया गया है।