मऊ। 2012 में हुए विधानसभा चुनाव में बेहतरीन प्रदर्शन करने वाली सपा लोकसभा चुनाव में वोटों के तरसती रही। बूथवार समीक्षा में सामने आ रहा है कि नेता और पदाधिकारी अपना बूथ नहीं बचा सके हैं। ऐसे में संकेत मिल रहे हैं कि सपा के प्रदेश नेतृत्व के निशाने पर मऊ जिले के कई दिग्गज हैं।
मधुबन विधानसभा क्षेत्र से बसपा लगातार दो बार से जीती रही है। समाजवादी पार्टी यहां 2012 के विधानसभा चुनाव में दूसरे स्थान पर रही, लेकिन लोकसभा चुनाव में वह तीसरे स्थान पर खिसक गई। मधुबन विधानसभा क्षेत्र से सपा के टिकट पर चुनाव लड़े राजेंद्र मिश्रा से लेकर सपा के पूर्व सांसद चंद्रदेव राजभर न सिर्फ अपना बूथ हार गए हैं, बल्कि इनके बूथों पर सपा चौथे स्थान पर रह गई । जीत का भरोसा दिलाने वाले कई अन्य नेता भी अपना बूथ हार गए हैं। सपा नेता मुसाफिर यादव ने अलबत्ता अपने बूथ पर जीत दर्ज कराई है। वहीं, विधानसभा क्षेत्र के अध्यक्ष हाफिज सरफराज अपने बूथ पर मोदी लहर को रोकने में कामयाब रहे। हालांकि वे कौमी एकता दल से पिछड़ गए। इनके बूथ 329 पर कौमी एकता दल को 302, सपा को 288, बीजेपी को सात और बसपा को 37 वोट मिले।
मधुबन विधानसभा क्षेत्र में समाजवादी पार्टी लोकसभा चुनाव में लगभग तीस हजार वोट पाकर तीसरे स्थान पर रही, जबकि भाजपा पहले स्थान पर और बसपा दूसरे स्थान पर रही। इस विधानसभा क्षेत्र के सपा नेता राजेंद्र मिश्रा अपने बूथ संख्या 314 पर सपा को महज 27 वोट दिला पाए हैं, बीजेपी को इस बूथ पर 314 वोट मिले हैं। पूर्व सांसद चंद्रदेव राजभर सपा के टिकट की लाईन में थे, लेकिन वे अपने बूथ पर सपा को मात्र15 वोट ही दिला सके। जिला उपाध्यक्ष अप्पू मौर्य अपने बूथ संख्या 341 पर सपा को 205 वोट दिला सके, जबकि भाजपा ने यहां से 299 वोट जुटाया। जिला सचिव गुड्डू चौधरी अपने बूथ 376 पर सपा को 172 वोट दिला पाए, बीजेपी को इस बूथ पर 333 वोट मिले। जिला सचिव दूधनाथ यादव भी अपना बूथ हार गए। यहां बसपा को 348 और सपा को 137 वोट मिले। जिला पंचायत सदस्य रामध्यान यादव अपने बूथ संख्या 146 पर पार्टी को 55 वोट दिला पाए, बीजेपी को 202 और कौमी एकता दल को 145 वोट मिले। जिला पंचायत सदस्य सप्पन कन्नौजिया अपने बूथ संख्या 231 पर पार्टी को 55 वोट ही दिला सके, जबकि बीजेपी को 343 और कौमी एकता दल को 77 वोट मिले। मुसाफिर यादव अपने बूथ संख्या 236 पर सपा को 345 वोट दिलाकर पहले स्थान पर रहे। जबकि बीजेपी दूसरे स्थान पर रही। सपा प्रदेश कार्यकारिणी के सदस्य विनोद साहनी सपा को 60 वोट दिलाकर चौथे स्थान पर रहे, जबकि यहां से बीजेपी को 709 वोट मिले। पूर्व प्रमुख विजय शंकर यादव अपने बूथ पर सपा को 135 वोट दिला सके। इस बूथ पर बीजेपी को 225 वोट मिले। सपा नेता धीरेंद्र मल्ल भी अपने बूथ पर सपा को सिर्फ 66 वोट दिला सके है। सपा यहां तीसरे स्थान पर रही। जिला पंचायत सदस्य ममता चंद्रा भी अपने बूथ पर सपा को सिर्फ 60 वोट दिला सकीं, यहां पहले नंबर पर बीजेपी रही, जिसे 253 वोट मिले, दूसरे नंबर पर बसपा को 119 वोट मिले। समाजवादी पार्टी में बूथवार हो रही समीक्षा की रिपोर्ट को जिलाध्यक्ष के माध्यम से प्रदेश नेतृत्व को भेजने की तैयारी चल रही है। इस संबंध में जिलाध्यक्ष शिवप्रताप उर्फ मुन्ना यादव का कहना है कि बूथवार सभी विधानसभा क्षेत्रोें की रिपोर्ट इकट्ठा की जा रही है। प्रदेश नेतृत्व के निर्देश पर इसे प्रदेश कार्यालय को भेजा जाएगा।