मऊ। निर्वाचन कार्य में लगे प्रशिक्षण कर्मियों के अनुपस्थित रहने का सिलसिला जारी है। डीएम कुमुदलता श्रीवास्तव ने ऐसे कर्मचारियों पर सख्ती बरतते हुए उनके खिलाफ मुकदमा तक दर्ज करने का निर्देश दिया। बावजूद इसके अब तक एक भी अनुपस्थित कर्मचारियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज नहीं हो सका। जिलाधिकारी की ओर से रोज-रोज आ रही एफआईआर दर्ज कराने संबंधी खबरों के सत्यापन के लिए अमर उजाला ने जब कोतवाली के प्रभारी निरीक्षक से बात की तो उनका उत्तर चौंकाने वाला था। बोले कि कोई तहरीर ही नहीं मिली तो एफआईआर कैसा?
लोकसभा निर्वाचन संबंधि बैठकों अथवा प्रशिक्षण कार्यक्रमों में अनुपस्थित कर्मचारियों के खिलाफ लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 की धारा 134 के उल्लंघन के तहत मुकदमा दर्ज करने का निर्देश दिया जा रहा है। प्राथमिकी दर्ज करने का निर्देश डीडीओ देते हैं। डीडीओ बीबी सिंह की ओर से अब तक 58 लापरवाह कर्मियों के विरुद्ध कोतवाली में मुकदमा दर्ज करने का निर्देश दिया है। कोतवाल ने इस बात की पुष्टि की है।