आए दिन गायब होने वाले बीएसएनएल नेटवर्क ने उपभोक्ताओं को परेशानी में डाल दिया है। नेटवर्क न होने से जहां लैंडलाइन फोन डेड हो जाते हैं वहीं बैंकों व साइबर कैफे का भी काम ठप हो जा रहा है। शिकायत के बाद भी विभागीय अधिकारियों द्वारा समस्या को दूर करने की दिशा में ठोस पहल नहीं की जा रही है। यही हाल मोबाइल फोन का भी है। आवाज साफ न होना, बात करते-करते कट जाना आम बात हो गई है।
बीएसएनएल द्वारा दुबारी सहित आस पास के 20 से ज्यादा गांव में मोबाइल सुविधा बेहतर के लिए उपकेंद्र बनाया गया है। लेकिन बीते चार दिनों से तकनीकि समस्या के चलते दुबारी सहित गांवों में नेटवर्क सुविधा ध्वस्त पड़ी हुई है। बीते चार दिनों से कभी नेटवर्क न मिलना तो कभी काल के दौरान कर्कश आवाज उपभोक्ताओं को लगातार परेशानी में डाल रही है। इस समस्या की वजह से आए दिन बैंकों में काम ठप हो जाता है। दिन भर लाइन लगाए ग्राहकों को बिना लेनदेन के ही लौटना पड़ता है। नेटवर्क न होने से व्यापारियों का व्यापार बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। साइबर कैफे पर सन्नाटा पसरा रह रहा है। आनलाइन फार्म भरने वाले विद्यार्थी भी दिन भर नेटवर्क का इंतजार कर रहे हैं। एक सप्ताह से दुबारी क्षेत्र में लोग नेटवर्क संकट का सामना कर रहे हैं। उपभोक्ता जयराम यादव, सुनील यादव, सुरेंद्र शर्मा, राम मिलन मौर्य, उमेश मौर्य , देवेंद्र यादव, मुन्ना मौर्य आदि का कहना है कि बीएसएनएल की सेवा अब पूरी तरह से बदहाल हो गई है। आए दिन नो नेटवर्क की समस्या आम बात हो गयी है। कभी कभी तो मोबाइल पर नेटवर्क का निशान दिखता है पर बात नही हो पाती है।वहीं कस्बा स्थित यूनियन बैंक में कामकाज बीते चार दिनों से प्रभावित है। बैंक प्रबंधक राजेंद्र प्रसाद ने बताया कि नेटवर्क फेल होने के चलते बैंक में केवल नकदी जमा कराने का कार्य किया जा रहा है। जबकि भुगतान के लिए उपभोक्ता दूसरी शाखा में जाने को मजबूर हो रहे हैं। इस बाबत अवर अभियंता हर्षदेव का कहना है कि केंद्र में लगे पावर प्लांट खराब हो गया था। जिसके कारण नेटवर्क ठप होने की समस्या थी। नई मशीन आ चुकी है, देर शाम तक नेटवर्क समस्या को दुरस्त करा दिया जाएगा।