पतंजलि योग पीठ हरिद्वार के तत्वावधान में भरथिया कादीपुर स्थित प्राथमिक विद्यालय परिसर में पांच दिवसीय नि:शुल्क योग शिविर का आयोजन किया गया। इस दौरान बच्चों को योग की विधाओं और प्राणायम से रूबरू कराया गया।
योग प्रशिक्षक बृजमोहन ने कहा कि जब प्राण (सांस) को हम विधि, एकाग्रता, निरंतरता के साथ हम लेते हैं तो वह प्राणायाम हो जाता है। प्राणयाम करने से सभी गुण व्यक्ति के अंदर आ जाते हैं। उसका देह देवालय हो जाता है। मन मंदिर हो जाता है। शिव उसके अंदर स्वयं जागृत हो जाते हैं। व्यक्ति हमेशा प्रसन्न रहता है। उसके भीतर धैर्य, क्षमा, शक्ति, साहस, शौर्य, पराक्रम, तप, त्याग, समर्पण का भाव जागृत होने लगता है। कहा कि शौच के पूर्व दोनों पैरों पर बैठकर दो से पांच गिलास पानी पीएं। उसके बाद 15 बार ताड़ासन, 15 बार तिर्यक ताड़ासन, 15 बार कटिचक्रासन का अभ्यास करने से कब्ज में विशेष लाभ प्राप्त होता है। शौचालय में कम समय लगता है। शिविर में अरविंद कुमार आर्य, ग्राम प्रधान राम अवध चौहान, सुदामा वर्मा, राम विजय, सुनील यादव, मनोज यादव, हरीश चौहान, सुमन चौहान, संजय मौर्या, मुंशी, महिमा सिंह, सुदामा आदि शामिल रहे।