मऊ। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के तत्वावधान में शिक्षकों की बैठक रविवार को नगर के भीटी स्थित शिक्षक सदन में हुई। इसमें पुरानी पेंशन बहाली को लेकर 25 से 27 अक्तूबर तक होने वाली महा हड़ताल को सफल बनाने पर रणनीति तय की गई। बैठक को संबोधित करते हुए संगठन के जिलाध्यक्ष कृष्णानंद राय ने कहा कि 25 से 27 अक्तूबर तक होने वाली महा हड़ताल को सफल बनाने के लिए जी जान से जुट जाने की जरूरत है। तीन दिनों तक किसी परिषदीय विद्यालय का ताला नहीं खुलना चाहिए। शिक्षक किसी सरकारी कार्यक्रम में सहयोग नहीं करेंगे। शिक्षक किसी भी अधिकारी से किसी भी प्रकार का आदेश निर्देश न तो प्राप्त करेंगे और न ही उनसे कोई बातचीत ही करेंगे। न्याय पंचायत स्तर एवं विकास खंड स्तर पर टोलियों का गठन कर हड़ताल की निगरानी की जाएगी। 24 अक्तूबर को मध्याह्न 12 बजे से बाइक रैली निकालकर कार्यालयों तथा विद्यालयों में जनजागरण किया जाएगा। 25, 26 अक्तूबर को तहसील स्तर पर सभाएं व कार्यक्रम होंगे। 27 अक्तूबर को जिला मुख्यालय पर सभा कर जिलाधिकारी को संबोधित ज्ञापन सौंपा जाएगा। इसी क्रम में प्रवीण राय ने कहा कि पेंशन हमारे बुढ़ापे की लाठी है। इसको सरकार को देना ही होगा। नई पेंशन योजना से बुढ़ापे की जिंदगी काटना असंभव है। सरकार एनपीएस को इतना ही अच्छा मान रही है तो विधायकों, सांसदों, मंत्रियों पर एनपीएस लागू करे। उसके पश्चात शिक्षक, अधिकारी, कर्मचारी पर स्वीकार करने का दबाव बनाए। शिक्षक अधिकारी पुरानी पेंशन बहाली मंच के बैनर तले आरपार की लड़ाई लड़ने का मन बना चुका है। बैठक को रामप्रभाव सिंह, संतोष राय, ओमप्रकाश शुक्ल, सुबाष सिंह, राजकिशोर प्रसाद, मनिराम, सिद्धनाथ प्रसाद, घनश्याम यादव, राधेश्याम राम, रामकेर यादव आदि ने संबोधित किया। संचालन अखिलेश्वर शुक्ल ने किया।