दोहरीघाट। स्थानीय कस्बा स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का दर्जा मिलने के नौ माह बाद भी यहां विशेषज्ञ चिकित्सकों की तैनाती नहीं की जा सकी है। इससे मरीजों का इलाज भगवान भरोसे हो रहा है।
दोहरीघाट कस्बा स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र को जब सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का दर्जा मिला तो लोगों में बेहतर स्वास्थ्य की आस जगी, लेकिन अभी तक विशेषज्ञ चिकित्सकों की तैनाती नहीं की जा सकी है। कहने को 30 शैय्या का अस्पताल है, लेकिन सुविधाओं का टोंटा है। यहां फिजीशियन, हड्डी रोग विशेषज्ञ, रेडियोलॉजिस्ट, पैथोलॉजिस्ट, बाल रोग विशेषज्ञ आदि की तैनाती होनी है, लेकिन विशेषज्ञ चिकित्सकों के अभाव मेें अस्पताल आने वाले गंभीर मरीजों को रेफर कर इतिश्री कर दी जारही है। इस संबंध में क्षेत्र के प्रजापति राय, उदय भान राय, आशीष शर्मा, मोहन, राजकुमार का कहना है कि अस्पताल में सुविधाओं का टोंटा है। चिकित्सकों की अनियमित दिनचर्या के चलते मरीजों का इलाज भगवान भरोसे हो रहा है।
सीएचसी का दर्जा मिलने के बाद भी यहां विशेषज्ञ चिकित्सकों की तैनाती नहीं की जा सकी है। स्वास्थ्य सुविधाओं को बहाल नहीं किया गया तो हम लोग चुप नहीं बैठेंगे।इस बाबत प्रभारी अधीक्षक डॉ. मोहम्मद फैजान का कहना था कि विशेषज्ञ चिकित्सकों की तैनाती के लिए मुख्य चिकित्साधिकिारी को पत्र भेजा गया है।