जिले के नौ ब्लॉकों में 1628 सफाईकर्मी तैनात हैं। सभी को सरकार हर माह 7 करोड़ 32 लाख 60 हजार रुपये वेतन देती है। इसके बावजूद गांवों में गंदगी का अंबार है। कई बार तो गांव के लोगों को सफाईकर्मियों को देखे महीनों बीत जाते हैं।
स्वच्छ भारत मिशन के तहत ग्राम पंचायतों की जनसंख्या के आधार पर बजट आवंटित किया गया था। 26 मॉडल ग्राम पंचायतों सहित 175 ग्राम पंचायतों में आरआरसी तक कूड़ा पहुंचाने के लिए ई-रिक्शा खरीदे गए। एक ई-रिक्शा पर 1.60 लाख रुपये के हिसाब से 2.80 करोड़ रुपये खर्च किए गए।
इतना ही नहीं, 385 ई-रिक्शा के लिए 6.16 करोड़ रुपये की धनराशि मिली थी, लेकिन केवल 175 ग्राम पंचायतों ने ही ई-रिक्शा खरीदे थे।
शासन ने 175 आरआरसी निर्माण के लिए भेजी गई 15.75 करोड़ रुपये की धनराशि अक्तूबर 2024 में वापस ले ली थी। विभागीय आंकड़ों के अनुसार जिले में बनकर तैयार 352 आरआरसी में से केवल 139 संचालित हैं। इनमें से 50 फीसदी सप्ताह में तीन या चार दिन ही खुलते हैं।
आरआरसी निर्माण के लिए स्वच्छ भारत मिशन के पहले चरण में वर्ष 2022 में नौ ब्लॉकों की पांच हजार आबादी वाली 26 ग्राम पंचायतों को चिह्नित किया गया था। यहां नाला निर्माण, फिल्टर चेंबर आदि पर करीब 12 करोड़ रुपये खर्च किए गए। इन ग्राम पंचायतों को स्वच्छता के आधार पर मॉडल घोषित किया गया था।
दूसरे चरण में अन्य ग्राम पंचायतों के लिए बजट जारी किया गया, लेकिन केवल 352 पंचायतों में ही निर्माण पूरा हो पाया। बजट मिलने के बाद भी 175 में से कुछ जगहों पर जमीन नहीं मिली, तो कहीं निर्माण अधूरा रह गया।
देखरेख नहीं होने से कुछ स्थानों पर दीवारें और टिन शेड टूट गए हैं। निर्माण की गति धीमी देखकर शासन ने अधूरे केंद्रों का बजट वापस ले लिया। तब से कार्य रुके हुए हैं।
अगले महीने तक 200 आरआरसी संचालित करने की तैयारी
विभाग के अनुसार 139 ग्राम पंचायतों के आरआरसी में कूड़ा एकत्र किया जा रहा है लेकिन अब तक केवल 100 पंचायतों में ही कूड़ा उठाने के लिए ई-रिक्शा खरीदे गए हैं। गत दिवस डीएम ने पंचायतीराज विभाग के साथ बैठक कर 15 जून तक 200 आरआरसी शुरू करने के निर्देश दिए हैं। डीएम के निर्देशों के अनुपालन के लिए विभाग अगले माह तक 200 केंद्र संचालित करने की तैयारी कर रहा है।
एक नजर में
ब्लॉक
ग्राम पंचायत आरआरसी संचालित शुरू होंगे
बड़राव
68
18
16
दोहरीघाट
74
5
28
फतहपुर मंडाव 78
15
10
घोसी
72
6
4 -
कोपागंज 74
34
10 -
मु. गोहना
83
20
3
परदहां
34
22
3 -
रानीपुर
85
9
10 -
रतनपुरा
77
10
10
कोट-
आरआरसी निर्माण अधूरा होने और जमीन नहीं मिल पाने से कुछ स्थानों पर निर्माण नहीं हो सका है। उसका बजट शासन ने वापस ले लिया था। सोमवार तक 139 आरआरसी संचालित पाई गईं। 15 जून तक 200 से अधिक आरआरसी नियमित रूप से चालू कराई जाएंगी।
-कुमार अमरेंद्र, डीपीआरओ, मऊ
फतहपुर मंडाव ब्लाक के गोपालपुर ग्राम पंचायत में अधूरी आरआरसी। संवाद