मऊ। जिला एवं सत्र न्यायाधीश मुकेश मिश्रा ने गैर इरादतन हत्या का प्रयास और असला बरामदगी के मामले में दो आरोपियों की जमानत अर्जी खारिज कर दिया। जिला जज ने यह आदेश बचाव पक्ष और डीजीसी फौजदारी राजेश कुमार सिंह के तर्कों को सुनने के बाद पारित किया।
पहले मामले मेें अभियोजन के अनुसार दोहरीघाट थाना क्षेत्र के सियरही गांव निवासी हिमांशु राय पुत्र शिवशंकर राय की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज हुई। वादी का कथन है कि लक्ष्मी पूजा के पंडाल में हुए विवाद की रंजिश को लेकर 31 अक्टूबर 2018 को आरोपी उसके घर पर आकर उसे तथा उसके पिता शिवशंकर, वर्तिका राय और गीता राय को मारपीट कर घायल कर दिया। मारपीट में शिवशंकर राय को गंभीर चोटें आई। मामले में आरोपी सियरही गांव निवासी रवि राय पुत्र राजेश राय की ओर से जमानत के लिए दी गई।
दूसरे मामले में अभियोजन के अनुसार प्रभारी निरीक्षक अखिलेश कुमार 17 दिसंबर 2018 को हिकमा मोड़ काछीकलां के पास से आरोपी के पास से असलहा बरामद किया। मामले में आरोपी आजमगढ़ जनपद के थाना तरवां थाना क्षेत्र के जमवा गांव निवासी बृजभान मौर्य पुत्र शिवलाल की ओर से जमानत की अर्जी दी गई। सुनवाई के बाद खारिज कर दिया।
ऑनर किलिंग में आरोपी मां ने किया समर्पण
मऊ। मधुबन थाना क्षेत्र के कुंडा कुचाई गांव स्थित नहर की पुलिया के पास हत्या कर फेंकी मिली युवती की लाश की घटना के मामले में आरोपी मृतका की मां अंजनी देवी पत्नी सूर्यभान ने शनिवार को सीजेएम कोर्ट में समर्पण कर दिया। आरोपी मां आनर किलिंग में हत्यारोपी बनी थी। सीजेएम लोकेश नागर ने उसे न्यायिक अभिरक्षा में लेते हुए जेल भेज दिया। अंजनी देवी पत्नी सूर्यभान मधुबन थाना क्षेत्र के आदमपुर गांव की निवासी है। अभियोजन का कथन है कि दिसंबर 2018 में पिंकी का किसी युवक के साथ प्रेम प्रसंग होने के चलते उसे परिजनों ने जहर देकर मार डाला। साथ ही शव को कुंडा कुचाई गांव के पास स्थित पुलिया के पास फेंक दिया।