सरकार की ओर से शुरू की गई धान खरीद योजना का लाभ किसानों को मिलता नजर नहीं आ रहा है। रतनपुरा ब्लाक क्षेत्र के मोलनापुर स्थित धान क्रय केंद्र पर तीन हजार क्विंटल के सापेक्ष 50 किसानों से 38 लाख रुपया मूल्य के दो हजार क्विंटल धान खरीद की गई। लेकिन अभी तक किसानों का 14 लाख बकाया चल रहा है। परेशान किसान क्रय केंद्र का चक्कर काटने को विवश हैं।
किसानों को धान की फसल का उचित मूल्य दिलाने के लिए धान खरीद योजना शुरू की गई है। पीसीएफ की तरफ से साधन सहकारी समिति मोलनापुर को धान क्रय केंद्र बनाया गया है। क्रय केंद्र पर 50 किसानों से 38 लाख रुपया मूल्य के दो हजार क्विंटल धान खरीद की गई। लेकिन अभी तक किसानों का 14 लाख बकाया चल रहा है। बकाए का भुगतान न होने से किसानों की मुश्किलें बढ़ती ही जा रही है। किसानों की मानें तो एजेंसी की तरफ से किसानों के मोबाइल पर पेमेंट का मैसेज तो आ गया है, लेकिन अभी तक किसानों के खाते में धन नहीं आया है।
किसान रामजन्म, सुखसागर प्रसाद, राधेश्याम, हरिमंगल यादव, हृदयनाथ मिश्र का कहना है कि गेहूं की सिंचाई हो गई है। पैसे की सख्त जरूरत है, लेकिन पैसा कब मिलेगा अधिकारी आज कल कहकर मामले को टाल दे रहे हैं। बकाया का अविलंब भुगतान नहीं किया गया तो हम लोग आंदोलन करने को बाध्य हो जाएंगे। इस बाबत पीसीएफ के जिला प्रबंधक जयश्री प्रसाद का कहना है कि धान खरीद के बकाया का भुगतान शीघ्र ही कर दिया जाएगा।