जनपद के अमिला के राम लच्छन महाविद्यालय के परिसर में शुक्रवार को कांग्रेस पत्याशी की चुनावी जनसभा को हार्दिक पटेल संबोधित करने वाले थे। लेकिन नियत समय पर हेलीकाप्टर आया भी लेकिन सभा स्थल के ऊपर चक्कर काटने के बाद वापस लौट गया। कांग्रेस ने प्रशासन पर आरोप लगाया है कि सत्ता के इशारे पर हेलीकाप्टर नहीं उतरने दिया गया। जबकि जिला प्रशासन ने इसके लिए आयोजकों को जिम्मेदार ठहराया है कि मानक के अनुरूप हेलीपैड के निर्माण के लिए जरूरी सामग्री नहीं उपलब्ध कराई गई।
घोसी लोक सभा के प्रत्याशी बालकृष्ण चौहान के समर्थन में चुनावी जनसभा को संबोधित करने के लिए हार्दिक पटेल का कार्यक्रम तय था। सुबह 10:50 पर हेलीकाप्टर आ गया। लेकिन कुछ मिनट मंडराने के बाद वापस चला गया। अधिकारियों ने उसे नीचे उतरने की इजाजत नहीं दी। हेलीकाप्टर न उतरने पर हार्दिक गाजीपुर के बाघीपुर में आयोजित चुनावी जनसभा में भाग लेने चले गए। उपजिलाधिकारी घोसी डा. सीएल सेेनकर का कहना है कि अमिला में चुनावी जनसभा के लिए कांग्रेस को स्वीकृति दी गई थी। उधर हेलीपैड के लिए स्वीकृति देने के लिए अधिकृत सिटी मजिस्ट्रेट जेएन सचान का कहना है कि जनसभा के आयोजकों की ओर से मानक के अनुरूप सामग्री हेलीपैड निर्माण के लिए नहीं उपलब्ध कराई गई जिसके चलते हैलीपैड का निर्माण पूरा नहीं किया जा सका। इसके चलते सुरक्षा कारणों से हेलीकाप्टर को नीचे उतरने की इजाजत नहीं दी जा सकी।
उधर, पार्टी के जिलाध्यक्ष अवनीश सिंह का कहना है कि प्रशासन ने जानबूझ कर हार्दिक पटेल का हेलीकाप्टर नहीं नीचे उतरने दिया। हैलीपैड अधूरा रहने का आरोप गलत है, इतनी ही तैयारी पर सरायसादी में हेलीकाप्टर नीचे उतरा था।