पुराने जिला महिला अस्पताल भवन को तोड़कर अब नया भवन बनाया जाएगा। विभाग 30 करोड़ की लागत से चार मंजिला भवन का निर्माण कराए जाने की तैयारी में है। 18 माह में नया भवन बनने के बाद महिला अस्पताल खुद के भवन में पहले की तरह संचालित होगा। जबकि सात मंजिला नवनिर्मित भवन में पीपीपी (पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशीप) योजना के तहत निजी अस्पताल संचालित किया जाएगा। इससे जिले के मरीजों को एक ही परिसर में सरकारी तथा निजी स्वास्थ्य सुविधा मुहैया हो सकेगी।
शासन की मंशा के अनुसार मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवा देने के लिए नवनिर्मित सात मंजिला भवन में पीपीपी (पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशीप) योजना के तहत निजी को देने की योजना है। ऐसे में महिला अस्पताल प्रबंधन को 18 माह में अपने खुद के भवन में शिफ्ट होना होगा। ऐसे में जिले के लोगों को महिला अस्पताल की सुविधा देने के लिए एक एकड़ में फैला दो मंजिला पुराना भवन को गिराकर नया अस्पताल बनाने का प्रस्ताव का कार्य विभाग द्वारा शुरू किया जा चुका है। विभागीय सूत्रों की माने तो विभाग द्वारा पुराने अस्पताल को गिराने के लिए पीडब्लूडी विभाग को प्रस्ताव बना रहा है। प्रस्ताव में अस्पताल भवन को गिराने में होने वाला खर्च और गिराने के बाद निकले सामानों की नीलामी का भी जिक्र है। जर्जर भवन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त करने के बाद स्वास्थ्य विभाग द्वारा नवीन भवन बनाने का प्रस्ताव बनाया जाएगा।
इस बावत स्वास्थ्य विभाग के अवर अभियंता फैजुल अंसारी ने बताया कि महिला जिला अस्पताल के जर्जर भवन को गिराने का प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। जल्द ही इसे पीडब्लूडी को सौंपा जाएगा। वहीं भवन पूरी तरह से क्षतिग्रस्त करने के बाद खाली जगह पर नवीन जिला अस्पताल भवन बनाने का प्रस्ताव बनाया जा सकता है।