मऊ। कुंभ मेला को देखते हुए आरपीएफ और जीआरपी की ओर से संयुक्त रूप से मऊ रेलवे स्टेशन पर मॉक ड्रिल कर सुरक्षाबलों ने संयुक्त अभ्यास किया। गुरुवार की सुबह 12 बजे किसी यात्री ने ओवरब्रिज के पास एक लावारिस पड़े सूटकेस को और पास में एक व्यक्ति को अचेत अवस्था में देखा और जीआरपी को सूचना दी।
सूचना मिलते ही आरपीएफ प्रभारी डीके राय और जीआरपी एसओ राघवेंद्र मिश्रा जवानों के साथ संबंधित जगह पहुंचे और जगह को ब्लाक करते हुए अचेत व्यक्ति को अस्पताल रवाना भेजा। करीब 10 मिनट बाद बम निरोधक दस्ता भी पहुंचा और लावारिस बैग को खोला, हांलाकि उसमें कुछ नहीं मिला। इस दौरान यात्रियों में कौतूूहल बना रहा। कुछ देर बाद पता चला कि यह आरपीएफ जीआरपी द्वारा कुंभ मेला को लेकर सुरक्षा व्यवस्था की जांच करने के लिए मॉक ड्रिल किया गया है।
इसके बाद जीआरपी निरीक्षक राघवेंद्र मिश्रा ने यात्रियों को बताया कि किसी विपरीत स्थितियों से निपटने के लिए समय समय पर मॉक ड्रिल किया जाता है। जिससे आतंकी हमले या हादसे के दौरान बचाव कार्य की तैयारियों की समीक्षा की जा सकें। इस दौरान मौजूद पुलिस, जीआरपी और आरपीएफ द्वारा स्टेशन पर चेकिंग अभियान भी चलाया गया। इस मौके पर जीआरपी निरीक्षक राघवेंद्र मिश्रा, आरपीएफ प्रभारी डीके राय सहित अन्य मौजूद रहें।
मॉक ड्रिल के बाद आरपीएफ जीआरपी द्वारा संयुक्त चेकिंग अभियान चलाया गया। अचानक चेकिंग चलने से प्लेटफार्म पर घूम रहे कई व्यक्ति इधर उधर भागते दिखाई दिए। इस दौरान प्लेटफार्म दो, तीन और यात्री प्रतीक्षालय से 6 संदिग्धों को आरपीएफ ने पकड़ा। जहां जुर्माना भरने के बाद इन्हें छोड़ दिया गया।