दोहरीघाट। कस्बा स्थित अंतर्राष्ट्रीय मातेश्वरी शक्ति पीठ पर चल रहे आदि शक्ति मां दुर्गा महायज्ञ के चौथे दिन सद्गुरु महाराज ने कहा कि मां सर्वोच्च सत्ता है। मां धन की भूखी नहीं है। मां प्रेम की भूखी होती है। जिस घर में मां की सेवा होती है उसी घर में लक्ष्मी जी का वास होता है।
कहा कि मां बेजोड़ है। लेकिन आज हमारे समाज में एक ऐसी विकृतियों का समावेश हो गया है कि न आज बहु सास को सास मान रही है, न ही सास भी बहु को मान रही है। इस विकृति को दूर करने के लिए हमे सत्संग में जाना होगा। अपने कमियों को ढूंढना होगा और हम सुधरे तो जग सुधरेगा इस फार्मूले को अपनाना होगा। उन्होंने कहा कि मां सब कुछ देती है महालक्ष्मी, महाकाली और महा सरस्वती जी की आराधना करो सुख, समृद्धि, धन, बल सब कुछ मां के पास है।
इसके पूर्व सभी मातृभक्तो को रेकी विधि से ध्यान योग कराया गया। भजनों के माध्यम से सीधे लोगों को जोडते हुए सद्गुरु जी महाराज ने अपनो अमृत वचनों को आत्मसात करने के लिए कहा फिर मां की आरती तथा प्रसाद वितरण हुआ। इस अवसर पर लक्ष्मीकांत श्रीवास्तव, रेखा गुप्ता, शशि राय, रीता देवी, किस्मत देवी, विभीषण आदि शामिल रहे।