रतनपुरा। स्थानीय ब्लाक में 30 मार्च को वित्तीय वर्ष का आखिरी कार्य दिवस होने के चलते कई विभागों में काम का बोझ देखा गया तो कई विभागों में कोई काम ही नहीं दिखा। इस दौरान सरकारी कर्मचारी आराम से अपने कार्यालयों में ऊंघते रहे।
शनिवार को वित्तीय वर्ष 2018-19 का आखिरी दिन रहा। हालांकि रविवार को भी कई कार्यालयों में काम काज हुआ। लेकिन शनिवार को ब्लाक कार्यालय का नजारा ही कुछ अलग था। ब्लाक कार्यालय के कई कर्मचारी कोई काम न होने की वजह से अपने सामने लगे मेजों पर सिर टिकाकर सोते नजर आए। इस दौरान अपने किसी काम से आने वाले फरियादियों को इन सो रहे कर्मचारियों की झिड़कियां भी सुनने को मिलीं। साल का आखिरी कार्य दिवस होने के चलते सीएचसी, सीडीपीओ कार्यालय, बीआरसी, सब पावर स्टेशन सहित कई सरकारी विभागों में कर्मचारी बिलों संबंधी कार्य में काफी व्यस्त रहे। लेकिन ब्लाक कार्यालय में कई कर्मचारी सोते नजर आए। इन्हें सोते देखकर आने वाले लोग वापस लौट जा रहे थे। जो लोग इन सो रहे कर्मचारियों को जगाने का साहस किया उन्हें झिड़कियां भी सुनने को मिली। इस बाबत बीडीओ आरके वर्मा का कहना है कि आफिस में कार्य अवधि में सोना अनुशासनहीनता की परिधि में आता है। इसकी जांच कराकर दोषी पाए जाने पर विधि सम्मत कार्रवाई की जाएगी।