जिला प्रशासन की तमाम चेतावनी के बाद भी जिले के विभिन्न ब्लाकों में गैर मान्यताप्राप्त स्कूल धड़ल्ले से चल रहे हैं। जुलाई माह बीतने को है, लेकिन इन्हें बंद कराने में खानापूर्ति की जा रही है। कुछ विद्यालय प्राइमरी की मान्यता पर इंटरमीडिएट तक चलाए जा रहे हैं। अप्रैल माह तक विभाग की तरफ से105 गैर मान्यता प्राप्त स्कूलों को सीज किया गया था। जबकि 300 गैर मान्यता प्राप्त विद्यालय संचालकों को नोटिस जारी की गई थी।
शासन के निर्देश पर गत अप्रैल माह में जिले में व्यापक पैमाने पर अभियान चलाया गया था। अभियान के तहत विभाग की तरफ से105 गैर मान्यता प्राप्त स्कूलों को सीज किया गया था। जबकि 300 गैर मान्यता प्राप्त विद्यालय संचालकों को नोटिस जारी की गई थी। खंड शिक्षा अधिकारियों ने संबंधित बीआरसी में एक भी गैर मान्यता प्राप्त संचालित न होने की रिपोर्ट जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को भेजी है। हालत यह है कि जिले के विभिन्न ब्लाकक्षेत्रों में गैर मान्यता प्राप्त स्कूल धड़ल्ले से चल रहे हैं। 28 जुलाई को उपजिलाधिकारी सदर अनूप वर्मा ने कोपागंज ब्लाक क्षेत्र में अभियान चलाकर गैर मान्यता प्राप्त विद्यालय को सीज किया था।
जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी ओपी त्रिपाठी का कहना है कि कार्य में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। खंड शिक्षा अधिकारियों तथा स्कूल प्रबंधकों के खिलाफ कार्रवाई के लिए प्रशासन को संस्तुति भेजी जाएगी।