मथुरा। श्रीकृष्ण जन्मभूमि की मुक्ति के लिए 14 सितंबर को हिंदू संगठनों के पदाधिकारी व कार्यकर्ता जंतर-मंतर पर जुटेंगे। यह निर्णय सोमवार को श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति दल एवं श्रीभगवान परशुराम शोभायात्रा समिति के पदाधिकारियों ने स्वामी घाट पर यमुना पूजन कर लिया।
दल के राष्ट्रीय प्रवक्ता मुकेश कुमार शर्मा ने कहा कि आंदोलन को प्रभावी बनाने के लिए समाज को एकजुट करने की आवश्यकता है। समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष पंडित राम गोपाल शर्मा ने कहा कि किसी आंदोलन की सफलता भीड़ जुटाने से नहीं होती बल्कि उसके पीछे का उद्देश्य स्पष्ट होना आवश्यक है। अखिल भारत हिंदू महासभा, संत सभा प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष संजय हरियाणा ने कहा कि सनातन धार्मिक स्थलों के संरक्षण के लिए संत समाज और धार्मिक संगठनों को प्रभावी भूमिका निभानी होगी।
इस दौरान हुई बैठक में श्रीकृष्ण जन्मभूमि सहित धार्मिक स्थलों से जुड़े विवादों के समाधान के लिए कानून बनाने, वक्फ अधिनियम को समाप्त करने, गो-माता को राष्ट्र माता घोषित करने, गो-संरक्षण कानून बनाने, मठ-मंदिरों को सरकारी नियंत्रण से मुक्त करने तथा सनातन बोर्ड के गठन की मांग रखी गई। इसके अलावा आरक्षण व्यवस्था पर विचार तथा एससी-एसटी से संबंधित कानूनों के दुरुपयोग को रोकने के लिए कदम उठाने की मांग भी रखी गई। कार्यक्रम में अर्जुन पंडित, अखिलेश शुक्ला, श्याम बिहार दिनकर, राजेश मणि त्रिपाठी, अजय शर्मा और श्याम शर्मा समेत अन्य मौजूद रहे।