सुरीर। कोतवाली क्षेत्र के गांव जरारा के जंगल में सियार के आतंक से ग्रामीण दहशत में हैं। वह खेतों पर आने जाने वाले करीब छह बच्चों, युवा और नौजवानों पर हमला कर चुका है। ग्राणीणों का दावा है कि सियार पागल हो गया है। सूचना पर पहुंची वन टीम एवं ग्रामीणों ने जंगल में उसकी तलाश की, लेकिन वह हाथ नहीं आया।
जरारा के प्रधान गुलाब सिंह यादव ने बताया कि बृहस्पतिवार को गांव जरारा निवासी औंकार सिंह की 11 वर्षीय बेटी राधिका खेत की तरफ जा रही थी। तभी खेतों में खड़ी फसल से निकल कर सियार ने किशोरी पर हमला कर दिया। चीख-पुकार सुनकर आसपास खेतों में काम कर रहे किसान दौड़े तो सियार खेतों में खड़ी फसलों में घुस गया। इससे पहले सियार खेतों में काम करने जा रहे बौबी, हेमंत, सतेन्द्र, वीरेंद्र,आचारी, बबीता आदि पर हमला कर चुका है। सुरीर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर सभी घायलों के एंट्री रेबीज इंजेक्शन लगवाए गए है। पागल सियार की सूचना पर वन विभाग की टीम और ग्रामीणों ने जंगल में उसकी काफी तलाश की, मगर कोई पता नहीं चल सका। सियार के प्रकोप से त्रस्त गांव जरारा के ग्रामीणों के अलावा बेरा, सिंकदरपुर, शीशा गढी, नगला पाती आदि गांवों के किसान हाथों में लाठी डंडे लेकर खेतों की ओर जा रहे है।