फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Mathura News: महिलाओं को जल्द शिकार बना रही थायराइड की बीमारी

विज्ञापन
विज्ञापन
मथुरा। बदलती जीवनशैली, अनियमित खानपान, तनाव और शारीरिक गतिविधियों में कमी के कारण थायराइड की बीमारी तेजी से लोगों को अपनी चपेट में ले रही है। जिले में इस बीमारी के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। सबसे चिंताजनक तथ्य यह है कि पुरुषों की तुलना में महिलाएं अधिक संख्या में थायराइड की शिकार हो रही हैं। चिकित्सकों के अनुसार यह बीमारी महिलाओं की प्रजनन क्षमता, हार्मोन संतुलन और मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित कर रही है।
विज्ञापन

जिला अस्पताल की लैब में प्रतिवर्ष लगभग 1400 मरीज थायराइड से पीड़ित पाए जा रहे हैं, जबकि हर महीने औसतन 120 नए मरीज सामने आ रहे हैं। इनमें करीब 70 प्रतिशत महिलाएं और 30 प्रतिशत पुरुष हैं। डॉक्टरों का कहना है कि महिलाओं में हार्मोनल बदलाव अधिक होने के कारण उनमें थायराइड की आशंका ज्यादा रहती है।
विशेषज्ञों के अनुसार थायराइड गर्दन में स्थित एक छोटी ग्रंथि होती है, जो शरीर के मेटाबॉलिज्म और हार्मोन संतुलन को नियंत्रित करती है। इसके असंतुलित होने पर शरीर में कई तरह की समस्याएं शुरू हो जाती हैं। मरीजों में वजन बढ़ना या अचानक घटना, अत्यधिक थकान, कमजोरी, बाल झड़ना, त्वचा का रूखा होना, तनाव, चिड़चिड़ापन और अनियमित मासिक धर्म जैसे लक्षण देखने को मिलते हैं।
विज्ञापन

महिला अस्पताल की स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. कृष्णा शर्मा का कहना है कि महिलाओं में थायराइड की बीमारी गर्भधारण क्षमता पर भी असर डाल सकती है। समय पर इलाज न होने पर गर्भावस्था में जटिलताएं बढ़ सकती हैं और कई बार हार्मोन असंतुलन के कारण अन्य गंभीर बीमारियों का खतरा भी बढ़ जाता है। लोगों को संतुलित भोजन लेने, नियमित व्यायाम करने, तनाव से बचने और समय-समय पर स्वास्थ्य जांच कराने की सलाह दी है। सीएमओ डॉ. राधावल्लभ ने बताया कि जागरूकता और समय पर उपचार से थायराइड को नियंत्रित किया जा सकता है। नियमित दवा और सही दिनचर्या अपनाकर मरीज सामान्य जीवन जी सकते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें