वृंदावन। श्रीबांकेबिहारी मंदिर में हाईपावर्ड कमेटी ने बड़ा बदलाव किया है। मंदिर के अंदर गोस्वामियों और उनके सहयोगियों को कोठरी में बैठने से प्रतिबंधित कर दिया है। कोठरियों को मंदिर के अंदर से स्टील की रैलिंग लगाकर बंद कर दिया है। इससे सेवायतों में आक्रोश है। वहीं मंदिर प्रांगण में वीआईपी के लिए लगाए गए बड़े कठघरे को भी अब हटा दिया गया है। उसकी जगह छोटा कटघरा लगाया है।
गौरतलब है कि श्री बांकेबिहारी मंदिर में लगातार श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ती जा रही है। मंदिर की व्यवस्था को संभालने के लिए सुप्रीम कोर्ट ने हाईपावर्ड कमेटी का गठन किया। इसका अध्यक्ष हाईकोर्ट के रिटायर्ड जज अशोक कुमार को बनाया गया है। अध्यक्ष लगातार मंदिर में श्रद्धालुओं को सुगम दर्शन कैसे हों इस पर अधिकारियों से लेकर गोस्वामियों से मंथन कर चुके हैं। उन्होंने मंदिर की व्यवस्थाओं में परिवर्तन करने के लिए नए नियम बनाए हैं। मंदिर में मौजूद गोस्वामियों की कोठरियों को बंद करा दिया गया है। इससे गोस्वामी अब उन कोठरियों में नहीं बैठ पा रहे हैं।
वहीं वीआईपी दर्शन के लिए लगाए गए बड़े कठघरे को भी हटा दिया गया है। उसकी जगह छोटा कठघरा लगाया गया है। इस गैलरी को लेकर अमर उजाला ने 24 नंवबर 2025 को समाचार प्रकाशित किया था कि वीआईपी हुए खुश, आम श्रद्धालुओं की मुश्किलें और बढ़ीं। इस खबर के बाद वीआईपी के लिए बनाए गए बड़े कठघरे को हटा दिया गया है। छोटे कठघरे को लगाकर उसे ऊंचा किया गया है ताकि कोई कठघरे में ऊपर चढ़कर न बैठे और न ही कूदकर अंदर आए। पहले लगे कठघरे की रेलिंग पर कई सेवायतों की टीम में शामिल लड़के बैठे रहते थे।
क्या बोले कमेटी के सदस्य
सेवायत सदस्य दिनेश गोस्वामी ने बताया कि गोस्वामियों की कोठरियों को बंद किया गया है। उन्होंने कमेटी से मांग की है कि वह गोस्वामियों के बैठने के लिए उचित स्थान भी बनवाए। आगामी बैठक में इस पर चर्चा की जाएगी।