मथुरा। रमजान माह का पहला दिन इबादत के बीच गुजरा। भूख और प्यास बर्दाश्त कर रोजेदारों ने अपना पहला रोजा मुकम्मल किया। पहले रोजे के आखिरी पहर में लोगों को प्यास की शिद्दत जरूर महसूस हुई लेकिन चंद लम्हों बाद लोगों ने घरों व मस्जिदों में रोजा खोलकर परवरदिगार का शुक्र अदा किया। इफ्तार के वक्त मस्जिदों में रौनक रही। कुछ मस्जिदों में इफ्तार का इंतजाम भी किया गया था।
रोजेदार भी अपने घरों से इफ्तार लेकर मस्जिद पहुंचे थे, जहां सभी मिलजुल कर इफ्तार किया और उसके बाद मगरिब की नमाज अदा की। मस्जिदों में अकीदतमंदों ने पाबंदी के साथ पांच वक्त की नमाज अदा करने के साथ ही विशेष दुआएं भी की। शहर मुफ्ती मोहम्मद आसिफ रजा ने सभी से देश में अमन-चैन कायम रखने की अपील की।
बच्चों ने भी रखा रोजा
मुकद्दस माह में रोजा रखने के लिए बच्चों ने भी उल्लास था। उन्होंने रोजा रखा और फिर घर में परिजन के साथ पूरी शिद्दत से नमाज अदा की। शाम को खुदा को याद करते हुए रोजा खोला।
देर तक खुले रहे बाजार, बढ़ी रौनक
पहले रोजे के दिन की शुरूआत से लेकर देर रात तक प्रमुख बाजार खुले रहे। इनमें लोगों की भीड़ के कारण रौनक रही। रोजा खोलने के बाद लोग बाहर निकले तो देर शाम बाजारों में चहल-पहल बढ़ गई। खासतौर पर घीया मंडी, भरतपुर गेट, दरेसी रोड, डीग गेट बाजार में लोग खरीदारी करते नजर आए।
फलों के दाम भी बढ़े
रमजान माह को लेकर फल मंडी में भी उछाल आया है। हालांकि, फलों के फुटकर विक्रेताओं का कहना था कि तीन- चार दिन तक ही महंगाई दिखेगी, इसके बाद सस्ता हो जाएगा। फल विक्रेता शरीफ ने बताया कि रमजान और नवरात्र में शुरुआत के कुछ दिन फलों की अधिक बिक्री होती है।
फलों के भाव (फुटकर में, प्रति किलोग्राम)
फल भाव
केला 50
संतरा 80
अंगूर 80
रसभरी 160
सेब 160
अनार 180
चीकू 80
पपीता 50
खजूर 160
तले-भुने खानपान से बनाएं दूरी
पेट रोग विशेषज्ञ डॉ. नितिन गोयल ने बताया कि रोजेदार ध्यान रखें कि तरल और आसानी से पचने वाले खाद्य व पेय पदार्थ लें। तला-भुना और अधिक मिर्च व मसाले से परहेज करें। बदलते मौसम में पेट खराब, उल्टी, दस्त की शिकायतें बढ़ी हैं। ऐसे में जितनी भूख हो उसी के अनुसार भोजन करें। बाजार की चीजों को खाने से बचें।