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Mathura News: ढोंगी बाबा को पुलिस ने कोर्ट में किया पेश, जेल भेजा

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गोवर्धन/राधाकुंड। आश्रम वेब सीरीज जैसे उच्च शिक्षित युवक-युवतियों का शोषण करने वाले बाबा निराला को पुलिस ने मंगलवार को कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। बाबा की गिरफ्तारी के बाद मामले में कई और चौंकाने वाले खुलासे हो रहे हैं, जिससे साफ हो गया है कि राधाकुंड में यह खेल लंबे समय से चल रहा था। दो दर्जन से अधिक युवक व युवतियां बाबा का महिमामंडन करती थीं, लेकिन अब वह भी मुखर होकर सामने आने लगी हैं। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है।
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बाबा के सलाखों के पीछे पहुंचते ही उसके चंगुल से छूटी दो और युवतियों ने हिम्मत दिखाई है। इन पीड़ित युवतियों ने गोवर्धन थाने पहुंचकर अभिषेक मिश्रा उर्फ आदिकर्ता नारायण दास (29) के खिलाफ नशीला पदार्थ पिलाकर शारीरिक और मानसिक शोषण करने की शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने इन शिकायतों को भी मुख्य मुकदमे में शामिल कर लिया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि बाबा के चंगुल में फंसी अन्य युवतियों से भी संपर्क करने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि इस रैकेट की पूरी सच्चाई सामने आ सके। इसके बाद एक-एक करके सभी के कोर्ट में बयान होंगे।
पहली प्राथमिकी दर्ज कराने वाली छत्तीसगढ़ बाल्को कोरबा क्षेत्र की निवासी बीएससी नर्सिंग की छात्रा के पहले ही कोर्ट में बयान हो गए हैं। जांच में सामने आया है कि बाबा ने आश्रम में करीब 24 युवक-युवतियों की एक कोर टीम बना रखी थी। बी-टेक, एम-टेक और एमबीए पास उच्च शिक्षितों युवा पूरी तरह बाबा के सम्मोहन में थे और सोशल मीडिया पर रील व वीडियो डालकर बाबा का महिमामंडन करते थे। इससे और शिक्षित युवा यहां खिंचे चले आते थे। इसके बाद उनको आध्यात्मिकता का पाठ पढ़ाता था और और खुद को भगवान कृष्ण का अवतार बताकर युवतियों का यौन शोषण करता था। बाद में युवकों के साथ इच्छुक युवतियों का गंधर्व विवाह (लव मैरिज) करा देता था। इधर, आरोपी अभिषेक मिश्रा का कहना कि उसपर लगे आरोप गलत हैं और प्राथमिकी कराने वाली युवती से कोई संबंध नहीं है।
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छह माह पहले शिष्यों ने थाने में किया था हंगामा
इस मामले में एक और खुलासा हुआ है। छह माह पहले बीएससी नर्सिंग की छात्रा अपने परिवार के साथ छह माह पहले बहन को लेने के लिए राधाकुंड आई थी। परिजन जबरन घर ले जाने लगे थे तो बाबा के शिष्यों ने स्थानीय पुलिस चौकी पर जमकर हंगामा काटा था। उस वक्त बाबा के रसूख और युवतियों के दबाव के आगे पुलिस को पीछे हटना पड़ा था, जिसके कारण बाबा के हौसले और बुलंद हो गए। शिष्यों ने परिजन पर युवती के अपहरण का आरोप लगाया था। हालांकि उस समय पुलिस ने उन्हें समझाकर शांत कर दिया था।


आरोपी बाबा को मंगलवार को कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। दो अन्य पीड़िताओं की शिकायत पर मामले की जांच का दायरा बढ़ा दिया गया है। आश्रम से बरामद दस्तावेज, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और बाबा के मोबाइल की जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे उसी आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।
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-सुरेशचंद्र रावत, एसपी ग्रामीण
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