मथुरा। अखिल भारतीय संयुक्त शिक्षक महासंघ (एआईजेटीएफ) के बैनर तले परिषदीय शिक्षकों ने मंगलवार को राष्ट्रपति, पीएम, लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी व सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश को पाती भेजी। इसमें उन्होंने टीईटी की अनिवार्यता समाप्त करने की मांग की। शिक्षकों का कहना है कि आरटीई लागू होने से पूर्व नियुक्त शिक्षकों पर टीईटी लागू करना तत्कालीन सेवा नियमों का उल्लंघन है।
शिक्षक की पाती नाम से शुरू किए गए इस अभियान के पहले दिन करीब 500 शिक्षकों ने पोस्टकार्ड प्रेषित किए। प्राथमिक शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष लोकेश गोस्वामी ने बताया कि टीईटी से मुक्ति की मांग को लेकर अब पोस्टकार्ड के साथ ई-मेल व सोशल मीडिया पर अभियान चलाया जाएगा।
इस दौरान प्राथमिक शिक्षक संघ के जिला मंत्री बलवीर सिंह, वरिष्ठ उपाध्यक्ष गौरव यादव, विशिष्ट बीटीसी एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष रविन्द्र चौधरी, यूटा के जिलाध्यक्ष चंद्रशेखर सिंह, जिला मंत्री विकास यादव, एससीएसटी शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष अशोक प्रिया, उर्दू बीटीसी शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष खुर्शीद अहमद समेत सुधीर सोलंकी, उपेन्द्र पांडेय, जितेन्द्र जोशी, अवधेश सारस्वत, हरीश शर्मा, जयपाल सिंह, कौशल किशोर गौतम आदि उपस्थिति रहे।